पठानकोट में नीट प्रवेश के नाम पर 21 लाख की ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश, दो आरोपी गिरफ्तार
पठानकोट साइबर क्राइम पुलिस ने एमबीबीएस (MBBS) में दाखिला दिलाने के नाम पर ठगी करने वाले एक बड़े अंतरराज्यीय गिरोह का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने तकनीकी सहायता से कार्रवाई करते हुए छत्तीसगढ़ के रायपुर से दो मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार किया है और उनके कब्जे से भारी मात्रा में फर्जी दस्तावेज व अन्य सामान बरामद किया है।
क्या है पूरा मामला
शिकायतकर्ता विक्रमजीत निवासी पठानकोट ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि साल 2025 में उनके बेटे ने नीट (NEET) की परीक्षा दी थी। इसके बाद उन्हें विभिन्न फोन नंबरों से गुरुग्राम (हरियाणा) स्थित ‘द एडमिशन सॉल्यूशन’ नामक काउंसलिंग सेंटर से कॉल आनी शुरू हुईं। आरोपियों ने उनके बेटे को किसी बड़े कॉलेज में कम फीस पर एमबीबीएस में दाखिला कराने का झांसा दिया और विभिन्न खातों में लगभग 21 लाख रुपये ट्रांसफर करवा लिए। कुछ समय बाद वह काउंसलिंग सेंटर बंद हो गया।
नाम बदलकर चला रहे थे दूसरा सेंटर
जांच के दौरान सामने आया कि आरोपियों ने गुरुग्राम वाला सेंटर बंद कर रायपुर (छत्तीसगढ़) में ‘ब्राइटमार्ग’ के नाम से नया कार्यालय खोल लिया था। अपनी पहचान छुपाने के लिए वे फर्जी आधार कार्ड, पैन कार्ड और अन्य दस्तावेजों का इस्तेमाल कर रहे थे।
गिरफ्तार आरोपियों के नाम
- बंटी कुमार तिवारी पुत्र शिव कुमार तिवारी, निवासी बिहार
- मोहम्मद जुबेर पुत्र शेर खान, निवासी दिल्ली
बरामदगी
पुलिस ने आरोपियों के पास से निम्नलिखित सामान बरामद किया है:
- 03 लैपटॉप
- 48 मोबाइल फोन समेत जाली सिम कार्ड
- विद्यार्थियों/एमबीबीएस कॉलेजों से संबंधित डाटा, दफ्तर से जुड़ी डायरियां और जाली दस्तावेज
- 03 डेबिट कार्ड
- 03 जाली आधार कार्ड
- स्कॉर्पियो एन (Scorpio N) गाड़ी
पुलिस की अपील
प्रारंभिक जांच में पता चला है कि यह गिरोह अलग-अलग राज्यों में फर्जी नाम से कॉल सेंटर चलाकर भोले-भाले लोगों को अपना शिकार बना रहा था। इस संगठित नेटवर्क में उच्च स्तर पर काम कर रहे अन्य मुख्य आरोपियों की तलाश जारी है। पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि किसी भी प्रकार के लालच या झांसे में आकर फर्जी स्कीमों के चक्कर में न आएं। अपना ओटीपी (OTP), पिन और पासवर्ड किसी के साथ शेयर न करें। यदि किसी के साथ ऑनलाइन ठगी होती है, तो बिना देरी किए हेल्पलाइन नंबर 1930 पर संपर्क करें या www.cybercrime.gov.in पर अपनी शिकायत दर्ज करवाएं।












