टाइगर श्रॉफ फायरिंग केस: पंजाब से मुंबई तक हथियारों की सप्लाई का खुलासा, लॉरेंस गैंग का कनेक्शन आया सामने
बॉलीवुड अभिनेता टाइगर श्रॉफ की कार पर हुई फायरिंग के मामले की जांच में एक चौंकाने वाला पंजाब कनेक्शन सामने आया है। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने इस मामले में हथियारों की सप्लाई करने वाले चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जिनसे पूछताछ में कई अहम खुलासे हुए हैं।
पुलिस जांच के मुताबिक, वारदात में इस्तेमाल किए गए हथियार अमृतसर से हासिल किए गए थे। इन्हें उत्तर प्रदेश की रहने वाली दो युवतियों ने ट्रेन के जरिए अमृतसर से मुंबई पहुंचाया। गिरफ्तार की गई युवतियों की पहचान राधा (23) और बबीता (23) के रूप में हुई है। शुरुआती जांच में पता चला है कि ये दोनों 15 अक्टूबर को नई दिल्ली से हथियार लेकर ट्रेन से मुंबई के लिए रवाना हुई थीं, जिसमें एक पिस्टल राधा के बैग में छिपाई गई थी और साथ ही 20 कारतूस भी ले जाए गए थे। पुलिस अब इस बात की गहराई से छानबीन कर रही है कि मुंबई पहुंचने के बाद यह खेप किसे सौंपी गई और इस अवैध सप्लाई की पूरी कड़ी कैसे काम कर रही थी।
इस पूरे नेटवर्क के पीछे लॉरेंस गैंग का हाथ होने की बात सामने आ रही है। पुलिस के अनुसार, हरियाणा के सोनीपत निवासी कुणाल (21) और सुमित (19) ने लॉरेंस गैंग के सदस्य अनिल पंडित के निर्देश पर ही अमृतसर से यह पिस्टल और कारतूस जुटाए थे। इसके बाद इन्हें आगे की डिलीवरी के लिए भेजा गया था। पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क में शामिल अन्य संदिग्धों की भूमिका की भी बारीकी से जांच कर रही है।
गौरतलब है कि 18 अक्टूबर को ऋतिक, रेहान और फूल सिंह ने टाइगर श्रॉफ की कार पर फायरिंग की इस दुस्साहसिक वारदात को अंजाम दिया था। घटना के बाद से ही पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां हरकत में आ गई थीं। मुस्तैदी दिखाते हुए राजस्थान के कोटा में ट्रेन से फायरिंग के मुख्य आरोपियों ऋतिक, रेहान और फूल सिंह को गिरफ्तार कर लिया गया था।
वहीं, इसके बाद की गई ताबड़तोड़ कार्रवाई में 20 अक्टूबर को हथियारों की तस्करी करने वाली राधा और बबीता को दिल्ली रेलवे स्टेशन से दबोच लिया गया, जबकि हथियार मुहैया कराने वाले कुणाल और सुमित को हरियाणा के सोनीपत से पहले ही पकड़ा जा चुका है। फिलहाल, पुलिस गिरफ्तार सभी आरोपियों के आपसी संपर्कों, हथियारों के इस पूरे नेटवर्क और उनके अगले ठिकानों का पता लगाने के लिए लगातार दबिश दे रही है।











