दहेज की बलि चढ़ी विवाहिता, ससुराल वालों के जुल्म से तंग आकर निगला ज़हर
थाना काठगढ़ पुलिस ने पति, सास-ससुर और देवर सहित 4 के खिलाफ दर्ज किया मामला; गिरफ्तारी के लिए छापेमारी शुरू

काठगढ़/बलाचौर (पंजाब):दहेज का दानव एक बार फिर एक हंसते-खेलते परिवार की खुशियां निगल गया। थाना काठगढ़ के अंतर्गत आने वाले गांव हसनपुर कलां में एक 35 वर्षीय महिला ने ससुराल वालों के कथित उत्पीड़न से तंग आकर जहरीला पदार्थ खाकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली। पुलिस ने मृतका के पिता के बयानों पर पति, सास, ससुर और देवर के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।
क्या है पूरा मामला?
मृतका सुमनदीप (35) के पिता महिंदर पाल, निवासी गांव भरथला ने पुलिस को बताया कि उनकी बेटी की शादी साल 2019 में हसनपुर कलां निवासी गुरप्रीत सिंह के साथ हुई थी। सुमनदीप का एक 4 साल का मासूम बेटा भी है।
महिंदर पाल का आरोप है कि शादी के समय से ही सुमनदीप के ससुराल वाले कार की मांग कर रहे थे। आर्थिक स्थिति ठीक न होने के बावजूद, बेटी का घर बसाने के लिए पिता ने मजबूरन एक ‘बुलेट’ मोटरसाइकिल दी थी। इसके बावजूद ससुराल पक्ष का लालच कम नहीं हुआ। वे लगातार सुमनदीप को दहेज के लिए ताने मारते और प्रताड़ित करते थे। कई बार समझाने-बुझाने के बाद भी हालात नहीं बदले।

16 मार्च की वो काली शाम
पिता ने बताया कि 16 मार्च को सुमनदीप ने फोन कर बताया था कि उसे बहुत परेशान किया जा रहा है। शाम करीब 4 बजे ससुर मोहन लाल का फोन आया कि सुमनदीप ने कोई जहरीली दवा खा ली है और उसे बलाचौर के अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
महिंदर पाल के अनुसार, जब वे अस्पताल पहुंचे तो डॉक्टर ने हालत स्थिर बताई थी, लेकिन देर रात अचानक तबीयत बिगड़ने लगी। इसी दौरान सुमनदीप के पति गुरप्रीत और सास मनजीत अस्पताल से फरार हो गए। 17 मार्च की सुबह करीब 6 बजे सुमनदीप ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया।

पुलिस की कार्रवाई
थाना काठगढ़ के एसएचओ अभिषेक शर्मा ने बताया कि मृतका के पिता और मामा के बयानों के आधार पर पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ IPC की धारा 306 (आत्महत्या के लिए उकसाना) और 34 के तहत केस दर्ज कर लिया है।
नामजद आरोपी:
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- गुरप्रीत सिंह (पति)
- मोहन लाल (ससुर)
- मनजीत (सास)
- जसबीर सिंह उर्फ जस्सी (देवर)
“पुलिस ने आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष टीमें गठित कर छापेमारी शुरू कर दी है। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया है। दोषियों को जल्द गिरफ्तार कर कानून के मुताबिक सख्त सजा दिलाई जाएगी।”
— अभिषेक शर्मा, एसएचओ काठगढ़








