गुरुद्वारा दर्शन को गई पंजाब की सरबजीत कौर ने पाक में बदला धर्म, निकाह कर बनीं ‘नूर’

- सरबजीत कौर, 52 वर्षीय भारतीय महिला, गुरु नानक देव के 555वें प्रकाश पर्व के अवसर पर सिख जत्थे के साथ पाकिस्तान गई थीं।
- उन्हें 13 नवंबर को लौटना था, लेकिन वह भारत वापस नहीं आईं।
- पाकिस्तान से एक निकाहनामा सामने आया है, जिसमें बताया गया है कि उन्होंने इस्लाम धर्म कबूल कर लिया है और अपना नाम बदलकर नूर रख लिया है।
- नूर (पूर्व नाम सरबजीत कौर) ने पाकिस्तान के शेखपुरा के नासिर हुसैन से निकाह किया है।
विवरण
कपूरथला, पंजाब: पंजाब के कपूरथला जिले की 52 वर्षीय सरबजीत कौर की पाकिस्तान यात्रा ने एक बड़ा अंतर्राष्ट्रीय मोड़ ले लिया है। सरबजीत कौर 4 नवंबर को सिख श्रद्धालुओं के एक जत्थे के साथ गुरुद्वारों के दर्शन के लिए पाकिस्तान गई थीं। जत्थे को 13 नवंबर को लौटना था, लेकिन वह अंतिम जत्थे के साथ भी भारत नहीं पहुंचीं।
महिला के लापता होने की सूचना भारतीय इमीग्रेशन ने तुरंत पंजाब पुलिस को दी, जिसके बाद जांच शुरू हुई।

धर्म परिवर्तन और निकाह
मामले में सबसे बड़ा मोड़ तब आया जब पाकिस्तान से एक निकाहनामा प्राप्त हुआ। इस दस्तावेज़ के अनुसार, सरबजीत कौर ने इस्लाम धर्म अपना लिया है और अब वह नूर के नाम से जानी जाएंगी। उन्होंने शेखपुरा के निवासी नासिर हुसैन से निकाह कर लिया है।
पारिवारिक स्थिति और पूर्व जीवन
सरबजीत कौर के पति, करनैल सिंह, पिछले 30 वर्षों से इंग्लैंड में रह रहे हैं। उनके दो बेटे हैं। सूत्रों के अनुसार, सरबजीत कौर का तलाक हो चुका है। उनके पासपोर्ट में पति के बजाय पिता का नाम दर्ज है। पासपोर्ट जिला मुक्तसर के मलोट, छापियांवाली का बना हुआ है।
फॉर्म भरने में लापरवाही
जांच के दौरान यह भी सामने आया है कि पाकिस्तान जाते समय सरबजीत कौर ने प्रवेश फॉर्म में कई महत्वपूर्ण जानकारी अधूरी छोड़ी थी। उन्होंने अपना पासपोर्ट नंबर और राष्ट्रीयता (इंडियन) भी फॉर्म में नहीं भरी थी। यह लापरवाही भी अब जांच का एक प्रमुख विषय बन गई है।

पुलिस और एजेंसियां जांच में जुटीं
पंजाब पुलिस ने इस मामले की शुरुआती रिपोर्ट भारतीय एजेंसियों को सौंप दी है। अब एजेंसियां निकाहनामे की सत्यता, धर्म परिवर्तन के कारण और महिला की सुरक्षा को लेकर विस्तृत जांच कर रही हैं।








