ब्रिक्स सम्मेलन में पुतिन का अनोखा अंदाज: मोदी से मिलने के बाद NSA अजीत डोभाल की तरफ हाथ हिलाकर खींचा सबका ध्यान
ब्रिक्स सम्मेलन के दौरान भारत मंडपम में एक ऐसा कूटनीतिक पल देखने को मिला जिसने कुछ ही सेकंड में पूरी महफिल का ध्यान अपनी ओर खींच लिया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को नमस्कार करने और गले लगाने के बाद रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन अचानक रुके और उन्होंने भारत के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) अजीत डोभाल की ओर देखकर हाथ हिलाया। इसके जवाब में अजीत डोभाल मुस्कुराए और उन्होंने भी हाथ हिलाकर अभिवादन स्वीकार किया।
यह छोटा सा इशारा महज एक औपचारिकता नहीं था, बल्कि इसके पीछे खुफिया और रणनीतिक दुनिया का एक गहरा इतिहास जुड़ा है। रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन सोवियत संघ की खुफिया एजेंसी ‘केजीवी’ (KGB) में 16 साल बिता चुके हैं और लेफ्टिनेंट कर्नल के पद से सेवानिवृत्त हुए थे। वहीं, भारत के एनएसए अजीत डोभाल ने भी देश के इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) में 33 साल तक सेवा दी है और कई संवेदनशील ऑपरेशनों को संभाला है।
यही वजह है कि दोनों दिग्गजों के बीच का रिश्ता प्रोटोकॉल से कहीं आगे का है। अजीत डोभाल मॉस्को के साथ भारत के मुख्य वार्ताकारों में से एक रहे हैं। उन्होंने 2023, 2024 और फिर 2025 में भी रूसी राष्ट्रपति के साथ सीधी बातचीत के लिए रूस का दौरा किया था। पुतिन खुद एक पूर्व खुफिया अधिकारी होने के कारण डोभाल की रणनीतिक समझ और तजुर्बे का गहरा सम्मान करते हैं।
जब पूरी दुनिया की निगाहें भारत-रूस की उच्चस्तरीय कूटनीति पर टिकी थीं, तब पुतिन का अचानक रुककर डोभाल की ओर हाथ हिलाना इस शिखर सम्मेलन का सबसे दिलचस्प और यादगार पल बन गया। खुफिया और कूटनीति की दुनिया के इन दो अनुभवी दिग्गजों के बीच का यह अनलिखा तालमेल आज दोनों देशों के रिश्तों को और अधिक मजबूत बना रहा है।











