पठानकोट में बिजली बोर्ड के कच्चे कर्मचारियों का प्रदर्शन: पक्का करने की मांग को लेकर DC दफ्तर के बाहर की नारेबाजी
पठानकोट: पंजाब सरकार और बिजली बोर्ड प्रबंधन के खिलाफ बिजली बोर्ड के आउटसोर्सिंग व कच्चे कर्मचारियों ने अपनी मांगों को लेकर जिला उपायुक्त (DC) कार्यालय के बाहर रोष प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और चेतावनी दी कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं, संघर्ष जारी रहेगा।
यूनियन के प्रधान रिकेश कुमार ने बताया कि राज्य में आम आदमी पार्टी की सरकार बनने से पहले मुख्यमंत्री भगवंत मान ने वादा किया था कि सत्ता में आते ही सबसे पहले कच्चे कर्मचारियों को पक्का किया जाएगा। इसके बावजूद कर्मचारियों को लगातार संघर्ष करना पड़ रहा है।
उन्होंने बताया कि लंबे संघर्ष के बाद 3 जून को एक नोटिफिकेशन जारी किया गया था, जिसमें आश्वासन दिया गया था कि 15 जून तक कर्मचारियों को विभाग में शामिल कर ऑफर लेटर जारी कर दिए जाएंगे। लेकिन अगस्त का महीना शुरू होने के बाद भी सरकार और प्रबंधन की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है।
प्रदर्शनकारी कर्मचारियों ने कहा कि सरकार ने केवल आर्डिनेंस तैयार कर झूठे दिलासे दिए हैं। बोर्ड के आधे कर्मचारियों को विभाग में समाहित कर लिया गया है, जबकि बाकी बचे कर्मचारियों को दर-किनार कर दिया गया है।
कर्मचारियों का कहना है कि वे पिछले दो महीनों से काम छोड़ हड़ताल पर हैं। पूरे पंजाब, जिसमें पटियाला और शर्मवाला शामिल हैं, में धरना-प्रदर्शन चल रहे हैं। कर्मचारियों ने मांग की है कि ठेका प्रथा को पूरी तरह खत्म कर सभी आउटसोर्सिंग कर्मचारियों को तुरंत जॉइनिंग और ऑफर लेटर सौंपे जाएं।












