पंजाब पुलिस को बड़ी कामयाबी: पटियाला काउंटर इंटेलीजेंस ने किया नकली नोटों के रैकेट का भंडाफोड़, 4 गिरफ्तार

- मालेरकोटला सीआई यूनिट की रेड में 5.50 लाख रुपये की जाली भारतीय करंसी बरामद।
- पकड़े गए सभी नोट 500-500 रुपये के, आरोपियों में से एक पर पहले से दर्ज है एनडीपीएस का मामला।
- थाना हिम्मतना में बीएनएस (BNS) की धाराओं के तहत मामला दर्ज, नेटवर्क खंगालने में जुटी पुलिस।
मालेरकोटला/पटियाला:
नकली भारतीय करेंसी नोटों (FICN) के अवैध कारोबार के खिलाफ पंजाब पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। काउंटर इंटेलिजेंस (सीआई) पटियाला की मालेरकोटला यूनिट ने मुस्तैदी दिखाते हुए एक बड़े नकली नोट सप्लाई करने वाले मॉड्यूल का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने इस कार्रवाई के दौरान चार शातिर आरोपियों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया है।
इस महत्वपूर्ण ऑपरेशन की जानकारी देते हुए पंजाब के पुलिस महानिदेशक (DGP) ने बताया कि सीआई यूनिट को इलाके में जाली नोटों की खेप सप्लाई होने की गुप्त सूचना मिली थी। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने तुरंत जाल बिछाकर संबंधित ठिकाने पर छापेमारी (रेड) की। इस दौरान पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 5.50 लाख रुपये मूल्य की नकली भारतीय करंसी जब्त की। चौंकाने वाली बात यह है कि बरामद किए गए सभी जाली नोट 500-500 रुपये के हैं, जिन्हें बेहद बारीकी से तैयार किया गया था ताकि आम लोगों को धोखा दिया जा सके।

एक आरोपी का है आपराधिक रिकॉर्ड
शुरुआती पुलिस जांच में यह सामने आया है कि गिरफ्तार किए गए चार आरोपियों में से एक आरोपी का पुराना आपराधिक रिकॉर्ड है। उस पर पहले भी नशीले पदार्थों की तस्करी से जुड़े एनडीपीएस (NDPS) एक्ट के तहत मामला दर्ज है। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि क्या इस जाली नोटों के रैकेट का इस्तेमाल ड्रग्स की तस्करी की फंडिंग के लिए तो नहीं किया जा रहा था।

नए कानून (BNS) के तहत केस दर्ज, जांच जारी
पुलिस ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए मालेरकोटला के थाना हिम्मतना में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं के तहत एफआईआर (FIR) दर्ज कर ली है।
डीजीपी के अनुसार: “यह सिर्फ कुछ मोहरे हैं, इस पूरे नेटवर्क के आगे और पीछे के संपर्कों (Forward and Backward Linkages) का पता लगाने के लिए गहन पूछताछ की जा रही है। जल्द ही इस रैकेट के मुख्य सरगना और नोट छापने वाले ठिकाने का पर्दाफाश किया जाएगा।”









