बड़ी कार्रवाई: मोहाली स्थित विजीलैंस हेडक्वार्टर पर CBI की रेड, रिश्वत कांड में मजीठिया के दावे से मचा हड़कंप

मोहाली/चंडीगढ़:पंजाब की राजनीति और प्रशासनिक गलियारों में उस वक्त हड़कंप मच गया जब केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) की एक टीम ने देर रात मोहाली के सेक्टर-68 स्थित पंजाब विजीलैंस ब्यूरो के मुख्य कार्यालय पर छापेमारी की। यह कार्रवाई शिरोमणि अकाली दल के वरिष्ठ नेता बिक्रम सिंह मजीठिया द्वारा सोशल मीडिया पर किए गए एक सनसनीखेज खुलासे के बाद चर्चा में आई है।

मजीठिया का दावा: फाइव स्टार होटल में हुई डील
बिक्रम मजीठिया ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर पोस्ट साझा करते हुए दावा किया कि केंद्रीय एजेंसी ने विजीलैंस दफ्तर में दबिश दी है। उन्होंने लिखा, “सूत्रों के हवाले से जानकारी मिली है कि एक फाइव स्टार होटल को लेकर करोड़ों की कथित रिश्वत डील हुई थी, जिसकी जांच अब केंद्रीय एजेंसी कर रही है।” मजीठिया ने यह भी संकेत दिया कि आने वाले समय में वे इस मामले से जुड़ी और भी कई ‘सनसनीखेज डिटेल्स’ साझा करेंगे।

ढाई घंटे चली जांच, रिकॉर्ड कब्जे में लिया
मजीठिया की पोस्ट के कुछ ही देर बाद सूत्रों ने पुष्टि की कि सीबीआई की टीम ने सेक्टर-68 स्थित कार्यालय में करीब ढाई घंटे तक गहन छानबीन की। जांच के दौरान टीम ने कार्यालय से कुछ महत्वपूर्ण दस्तावेज और डिजिटल रिकॉर्ड अपने कब्जे में लिए हैं। बताया जा रहा है कि यह कार्रवाई किसी बड़े भ्रष्टाचार के मामले से जुड़ी हो सकती है, जिसमें कुछ उच्च अधिकारियों की संलिप्तता की आशंका जताई जा रही है।
अधिकारियों की चुप्पी
हालांकि इस पूरी कार्रवाई को लेकर अब तक न तो सीबीआई और न ही पंजाब विजीलैंस ब्यूरो की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी किया गया है। लेकिन देर रात हुई इस ‘सीक्रेट रेड’ ने सरकार और विजीलैंस विभाग के भीतर खलबली मचा दी है।

- कहां हुई रेड: विजीलैंस ब्यूरो हेडक्वार्टर, सेक्टर-68, मोहाली।
- किसने की कार्रवाई: केंद्रीय जांच एजेंसी (CBI)।
- आरोप: एक फाइव स्टार होटल से जुड़ी कथित रिश्वत की डील।
- बरामदगी: अहम रिकॉर्ड और दस्तावेज कब्जे में लिए गए।
विपक्ष अब इस मुद्दे को लेकर सरकार पर हमलावर है। मजीठिया के दावों में कितनी सच्चाई है और सीबीआई के हाथ क्या लगा है, इसका खुलासा विस्तृत रिपोर्ट आने के बाद ही हो पाएगा।








