एएमआई न्यूज़ स्पेशल रिपोर्ट: पठानकोट के ढाकी इलाके को लोगों ने दिया ‘नरक’ का नाम
पठानकोट:पठानकोट के डाकी इलाके के लोग नर्क जैसी जिंदगी जीने को मजबूर हैं, जहाँ स्थानीय दुकानदारों और आम नागरिकों का जीना मुहाल हो चुका है। काफी लंबे समय से इस क्षेत्र के लोगों का व्यापार ठप हो चुका है और विकास के नाम पर उन्हें सिर्फ छलावा मिल रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि नेता लोग चुनाव के दौरान झूठे दिलासे देकर वोट बैंक तो तैयार कर लेते हैं, लेकिन विकास के नाम पर जमीन पर कोई काम नहीं होता। न तो फ्लाईओवर का काम पूरा हो सका है और न ही सड़कों की हालत सुधारी गई है।
दुकानदारों और स्थानीय लोगों का दर्द
- अजीज महाजन और हस्सा जैसे स्थानीय दुकानदारों ने बताया कि पिछले 8-10 सालों से डाकी इलाके में विकास के नाम पर कुछ नहीं हुआ है।
- थोड़ी सी बारिश होने पर भी इलाके में इतना कीचड़ और पानी भर जाता है कि बच्चों का स्कूल जाना मुश्किल हो जाता है, और एयर फोर्स स्कूल या केंद्रीय विद्यालय के रास्ते पर पानी जमा होने से भारी परेशानी होती है।
- दुकानदारों की दुकानों के अंदर बारिश का गंदा पानी घुस जाता है, जिससे सारा सामान खराब हो जाता है और उनका व्यापार पूरी तरह तबाह हो चुका है।
विकास के नाम पर सिर्फ वादे
- डाकी इलाके के लोगों का कहना है कि चुनाव के समय बड़े-बड़े नेता आते हैं और विकास के बड़े-बड़े दावे करते हैं, पर जमीन पर स्थिति वैसी की वैसी बनी हुई है।
- आम जनता और स्थानीय दुकानदार सरकार और प्रशासन से यही उम्मीद लगाए बैठे हैं कि जल्द से जल्द इस समस्या का समाधान किया जाए और इस नर्क जैसी जिंदगी से उन्हें मुक्ति मिले, ताकि हर टैक्स चुकाने वाले नागरिक को उनके अधिकार और बुनियादी सुविधाएं मिल सकें।












