स्मार्ट सिटी योजना: शौचालय निर्माण के बाद रखरखाव भूल गए अधिकारी, डलहौजी रोड पर बदबू और मक्खियों से लोग परेशान
(पठानकोट):शहर को सुंदर और स्वच्छ बनाने के उद्देश्य से ‘शहर जिंदा करो’ मुहिम और स्मार्ट विकास कार्यों के तहत डलहौजी रोड पर बनाए गए सार्वजनिक शौचालय अब जनसुविधा के बजाय आम जनता के लिए मुसीबत का कारण बनते जा रहे हैं। प्यारे लाल पेट्रोल पंप के ठीक सामने (डलहौजी रोड) स्थित शौचालयों की स्थिति इतनी जर्जर और गंदगी से भरी है कि वहां से गुजरना भी बेहद मुश्किल हो चुका है।
स्थानीय लोगों और राहगीरों का कहना है कि विकास कार्यों और शौचालयों के निर्माण की पहल सराहनीय थी, लेकिन निर्माण के बाद इसके रखरखाव और नियमित साफ-सफाई की जिम्मेदारी किसी विभाग या अधिकारी द्वारा नहीं उठाई जा रही है।
बरसाती मौसम में बढ़ रहा बीमारियों का खतरा
वर्तमान में बरसाती मौसम के चलते गंदगी, ठहरे पानी और दुर्गंध की वजह से मक्खियों का प्रकोप काफी बढ़ गया है। जिस जगह यह शौचालय स्थित है, वहां आसपास स्ट्रीट फूड की रेड़ियां, खाने-पीने की दुकानें और व्यावसायिक प्रतिष्ठान हैं। मक्खियों और बदबू के कारण वहां से गुजरने वाले लोग नाक पर रुमाल रखने को मजबूर हैं।
स्थानीय निवासियों का कहना है कि:
- इस रूट से प्रतिदिन ढेरों पर्यटक, खरीददार और राहगीर गुजरते हैं।
- साफ-सफाई न होने के कारण यह शौचालय बीमारियों का केंद्र बनते जा रहे हैं।
- अधिकारियों ने शौचालय का निर्माण तो करा दिया, लेकिन सफाई कर्मचारी की तैनाती न होने से पूरी योजना का लाभ मिलने के बजाय बदनामी हो रही है।
जनता की मांग: तुरंत हो सफाई व्यवस्था दुरुस्त
क्षेत्रवासियों का कहना है कि विकास कार्य केवल कागजों या निर्माण तक सीमित नहीं रहने चाहिए, बल्कि उनके रखरखाव की स्थायी व्यवस्था भी जरूरी है। शहरवासियों ने प्रशासन और संबंधित विभाग से मांग की है कि डलहौजी रोड स्थित इन शौचालयों की तुरंत सफाई करवाई जाए और इनके स्थायी रखरखाव के लिए कर्मचारियों की ड्यूटी सुनिश्चित की जाए ताकि आम जनता को राहत मिल सके।












