दुकानदारी या बीमारी: टूड़ी वाला चौक में कचरे के ढेर से त्रस्त हुए लोग
स्थान: पठानकोट
पठानकोट: शहर के प्रमुख टूड़ी वाला चौक के पास स्थिति दिन-प्रतिदिन बदतर होती जा रही है। लंबे समय से बने डंपिंग ज़ोन (कचरे के ढेर) की वजह से स्थानीय निवासियों, दुकानदारों और राहगीरों का जीना मुहाल हो चुका है। आलम यह है कि वहां गंदी बदबू के कारण 1 मिनट खड़ा होना भी दूभर हो गया है।
रेलवे की जमीन बनी कचराघर
प्राप्त जानकारी के अनुसार, जिस जगह यह कचरा फेंका जा रहा है, वह उत्तरी रेलवे (Northern Railway) की जमीन है। आरोप है कि नगर निगम/कमेटी द्वारा पूरे शहर का कचरा यहाँ ला कर डंप किया जा रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि:
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- नीचे से गुजरने वाले पैदल यात्रियों और दुकानदारों को तो परेशानी हो ही रही है, साथ ही पास के फ्लाईओवर से निकलने वाले लोग भी इस बदबू से अछूते नहीं हैं।
- इस इलाके में अधिकतर मैकेनिक, ट्रांसपोर्टर और छोटे कारोबारी रहते हैं और काम करते हैं।
“बीमारियों का घर बन चुका है यह इलाका” > स्थानीय निवासियों का कहना है कि, “यहाँ इतनी गंदगी है कि बीमारियां फैलने का डर बना हुआ है। मच्छरों के इस मौसम में डेंगू जैसी जानलेवा बीमारियां फैल सकती हैं। प्रशासन या मेयर को इस बात की कोई सुध नहीं है कि लोग किन परिस्थितियों में रह रहे हैं।”
प्रशासन से उठाई मांग
स्थानीय लोगों ने माँग की है कि इस डंपिंग पॉइंट को रेलवे की जमीन से हटाकर कहीं दूर (जैसे कालगढ़ डंप ज़ोन) शिफ्ट किया जाए। लंबे समय से नेताओं और अधिकारियों से शिकायत करने के बावजूद अब तक कोई समाधान नहीं निकला है। निवासियों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही इस समस्या का निवारण नहीं किया गया, तो स्वास्थ्य संबंधी बड़ा संकट खड़ा हो सकता है।











