नूरपुर में मानसूनी प्रतिबंधों की धज्जियां: रात के अंधेरे में अवैध खनन का खेल, प्रशासन और खनन विभाग बेखबर
अवैध खनन का खेल और प्रशासनिक चुप्पी
नूरपुर विधानसभा क्षेत्र के खंनी पंचायत के ब्राह्मण दा नाल और बिल्ला दा टाल क्षेत्रों में 1 अगस्त से 6 सितंबर तक मानसूनी प्रतिबंधों के बावजूद धड़ल्ले से अवैध खनन का खेल जारी रहा।
रात के सन्नाटे में जगमगाती लाइटों के बीच जेसीबी, टिप्पर और ट्रैक्टर-ट्रॉलियों से अवैध खनन का ऐसा मंजर दिखता है मानो वहां कोई मेला लगा हो। हैरान करने वाली बात यह है कि इस गंभीर और लगातार चल रही अवैध गतिविधियों से स्थानीय प्रशासन, पुलिस और खनन विभाग पूरी तरह बेखबर नजर आए।
जनता के तीखे सवाल और एनजीटी (NGT) का रुख
दूर से जगमगाती लाइट्स और गूंजती मशीनें आम आदमी को परेशान कर रही हैं, लेकिन प्रशासन की खामोशी कई बड़े संकेत देती है।
जनता का सीधा सवाल है कि क्या स्थानीय प्रशासन किसी बड़े नुकसान का इंतजार कर रहा है या इस अवैध कारोबार को किसी राजनीतिक और प्रशासनिक तंत्र का संरक्षण प्राप्त है? इसी संलिप्तता और तंत्र की नाकामी को उजागर करने के लिए एएमआई न्यूज (AMI News) अब इस पूरे मामले को लेकर नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (NGT) का रुख करेगी और तमाम सबूतों व वीडियो फुटेज के साथ केंद्रीय एजेंसी से उच्च स्तरीय जांच की मांग उठाएगी।












