AMI News: अमरीका में बसने का सपना देख रहे भारतीयों को बड़ा झटका, कुछ ही हफ्तों में पूरी तरह खत्म हो जाएगा EB-1 ग्रीन कार्ड का कोटा
अमरीका में बसने का सपना देख रहे भारतीयों के लिए एक बेहद निराशाजनक खबर सामने आई है। अमेरिकी विदेश विभाग ने चेतावनी दी है कि भारतीय आवेदकों के लिए रोजगार आधारित पहली प्राथमिकता वाला EB-1 ग्रीन कार्ड अगले कुछ हफ़्तਿਆਂ में पूरी तरह अनुपलब्ध हो सकता है।
अमेरिकी विदेश विभाग के सितंबर महीने के वीजा बुलेटिन के अनुसार, भारतीयों की तरफ से EB-1 वीजा की भारी मांग के कारण 30 सितंबर को मौजूदा वित्त वर्ष समाप्त होने से पहले ही भारत का निर्धारित कोटा पूरी तरह खत्म हो सकता है।
EB-1 और अन्य श्रेणियों का हाल
- EB-1 श्रेणी: यह वीजा विशेष असाधारण योग्यता वाले लोगों, प्रतिष्ठित प्रोफेसरों, शोधकर्ताओं और बहुराष्ट्रीय कंपनियों के प्रबंधकों व अधिकारियों के लिए होता है। इसके लिए भारत की अंतिम कार्रवाई तारीख 15 अक्टूबर, 2022 निर्धारित की गई है।
- EB-2 श्रेणी: उच्च डिਗ्री और असाधारण योग्यता वाले पेशेवरों के लिए आरक्षित यह श्रेणी सितंबर के बुलेटिन में ‘यू’ यानी पूरी तरह अनुपलब्ध घोषित कर दी गई है।
- EB-3 श्रेणी: इस श्रेणी में बैकलॉग सबसे अधिक है, जहां भारतीयों के लिए 12 साल से भी अधिक का प्रतीक्षा समय चल रहा है। इसके लिए भारत की सितंबर की अंतिम कार्रवाई तारीख 1 जनवरी 2014 है, जबकि दुनिया के अधिकांश अन्य देशों के लिए यह तारीख 1 सितंबर 2024 है।
- EB-5 श्रेणी: गैर-आरक्षित निवेशक श्रेणी भी सितंबर महीने में अनुपलब्ध रहेगी, हालांकि ग्रामीण और बुनियादी ढांचा परियोजनाओं जैसे आरक्षित क्षेत्रों के लिए वीजा अभी उपलब्ध हैं।
समस्या की मुख्य वजह
भारतीय आवेदकों पर यह दबाव भारी मांग और अमेरिकी कानून के तहत तय सीमा के कारण है। वित्त वर्ष 2026 के लिए पूरी दुनिया में रोजगार आधारित वीजा की अधिकतम सीमा 1,86,317 तय की गई है। अमेरिकी इमीग्रेशन कानून के मुताबिक किसी भी एक देश को कुल वीजा का अधिकतम 7 प्रतिशत कोटा ही दिया जा सकता है, जिस वजह से भारत जैसे अधिक मांग वाले देशों के आवेदकों को लंबा इंतजार करना पड़ता है। अमेरिकी विदेश विभाग का कहना है कि वह स्थिति पर लगातार नजर रख रहा है और जरूरत के अनुसार बदलाव किए जाएंगे।











