मंडी: नशे में धुत सेवानिवृत्त फौजी ने चलाई गोली, बीच-बचाव करने आए पोते को लगी; हालत नाजुक
पारिवारिक विवाद के दौरान बहू पर तानी थी बंदूक, बचाने आए जेठ के बेटे के कलाई और कूल्हे में लगी गोली

मंडी/बिलासपुर (हिमाचल प्रदेश): मंडी जिले के लोहारा गांव में रविवार रात एक रूह कंपा देने वाली वारदात सामने आई है। यहां एक सेवानिवृत्त फौजी ने पारिवारिक कलह के दौरान अपनी लाइसेंसी बंदूक से फायरिंग कर दी। इस घटना में फौजी का अपना ही पोता, उमेश चौधरी, गंभीर रूप से घायल हो गया है। युवक की हालत नाजुक देखते हुए उसे पीजीआई चंडीगढ़ रेफर किया गया है।
बहू को बचाने की कोशिश में लहूलुहान हुआ पोता
पुलिस को दी गई शिकायत में आरोपी बहादुर सिंह की बहू मनीषा चौधरी (30) ने बताया कि उसके ससुर अक्सर शराब के नशे में गाली-गलौज और मारपीट करते हैं। रविवार शाम करीब 7:30 बजे आरोपी नशे में धुत होकर मनीषा और उसके पति भूपेंद्र के साथ झगड़ा कर रहा था। विवाद इतना बढ़ गया कि बहादुर सिंह ने मनीषा पर अपनी लाइसेंसी बंदूक तान दी।
शोर सुनकर मनीषा का भतीजा (जेठ का बेटा) उमेश उन्हें बचाने के लिए बीच में आया। इसी दौरान आरोपी ने ट्रिगर दबा दिया। गोली उमेश की दाईं कलाई को चीरती हुई उसके कूल्हे में जा धंसी, जिससे वह वहीं गिर पड़ा।

ग्रामीणों ने घेरा, परिजनों ने की आरोपी की धुनाई
फायरिंग के बाद घर में कोहराम मच गया। मनीषा और उसके पति ने साहस दिखाते हुए आरोपी के हाथ से बंदूक छीनी। गोली की आवाज सुनकर ग्रामीण मौके पर इकट्ठा हो गए। वारदात से गुस्साए परिजनों ने आरोपी बहादुर सिंह की जमकर धुनाई कर दी, जिससे वह भी गंभीर रूप से घायल हो गया है। आरोपी फिलहाल पुलिस कस्टडी में एम्स बिलासपुर में उपचाराधीन है।
एम्स से पीजीआई चंडीगढ़ रेफर
घायल उमेश चौधरी को आनन-फानन में नेरचौक मेडिकल कॉलेज ले जाया गया। वहां से उसे एम्स बिलासपुर भेजा गया, लेकिन घाव गहरे होने और स्थिति चिंताजनक होने के कारण डॉक्टरों ने उसे बेहतर इलाज के लिए पीजीआई (PGI) चंडीगढ़ रेफर कर दिया है।

पुलिस की कार्रवाई
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस टीम रात करीब 8:30 बजे लोहारा गांव पहुंची। पुलिस ने घटनास्थल का मुआयना किया और मौके से खाली कारतूस समेत लाइसेंसी हथियार को कब्जे में ले लिया है। पुलिस ने मामला दर्ज कर आगामी जांच शुरू कर दी है।








