सफर के बीच थम गईं सांसें: बस की सीट पर ही मुसाफिर ने तोड़ा दम, साथ बैठे यात्रियों को भनक तक न लगी

घुमारवीं (बिलासपुर):बिलासपुर जिले के घुमारवीं उपमंडल में एक बेहद दुखद और हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है, जहां एक व्यक्ति की नींद ‘सदा की नींद’ में बदल गई। निजी बस में सफर कर रहे 40 वर्षीय शख्स की रास्ते में ही मौत हो गई, लेकिन पास बैठे सहयात्रियों और बस स्टाफ को इसका अहसास तब हुआ जब यात्री का गंतव्य (स्टॉप) पीछे छूट गया।
टिकट कटाया, सीट पर बैठे और फिर नहीं उठे
प्राप्त जानकारी के अनुसार, भराड़ी उप-तहसील के गांव दमेहड़ा का निवासी संजीव कुमार उखली से एक निजी बस में सवार हुआ था। उसने डंगार तक का टिकट लिया और अपनी सीट पर सिर टिकाकर बैठ गया। अन्य यात्रियों की तरह वह भी शांत दिख रहा था, जिससे किसी को भी उसकी तबीयत खराब होने या किसी तकलीफ का अंदेशा नहीं हुआ।
घुमारवीं स्टैंड पर खुला राज
बस जब डंगार पहुंची तो संजीव वहां नहीं उतरा। कंडक्टर ने भी उस समय ज्यादा ध्यान नहीं दिया, लेकिन जब बस घुमारवीं स्टैंड पर पहुंची और सवारी नहीं उतरी, तब शक हुआ। परिचालक ने संजीव को जगाने की कोशिश की, उसे आवाजें दीं और हिलाया-डुलाया, लेकिन शरीर में कोई हलचल नहीं हुई। इसके बाद बस स्टैंड पर हड़कंप मच गया।

अस्पताल ले जाते ही डॉक्टरों ने किया मृत घोषित
आनन-फानन में एम्बुलेंस बुलाई गई और संजीव को नागरिक अस्पताल घुमारवीं ले जाया गया। वहां डॉक्टरों ने स्वास्थ्य जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। डॉक्टरों के अनुसार, अस्पताल पहुंचने से काफी पहले ही उसकी मृत्यु हो चुकी थी।

परिवार में मातम, पुलिस जांच जारी
संजीव अपने पीछे पत्नी और दो बच्चों (एक बेटा व एक बेटी) को छोड़ गया है। इस अचानक हुई मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है और पूरे दमेहड़ा गांव में शोक की लहर है।
“पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के सही कारणों का पता चल पाएगा। फिलहाल सीआरपीसी की धारा 174 के तहत मामला दर्ज कर जांच की जा रही है।”
— विशाल वर्मा, डीएसपी, घुमारवीं








