18 फरवरी 2026 — क्यों खास है आज का दिन?

अंगूरों का अमृत और सेहत का जाम — नेशनल ड्रिंक वाइन डे
आज 18 फरवरी है, और अगर आप वाइन के शौकीन हैं, तो आज का दिन आपके लिए जश्न मनाने का एक और बहाना है। ‘नेशनल ड्रिंक वाइन डे’ का उद्देश्य वाइन के प्रति प्रेम जताना और इसके सदियों पुराने इतिहास व स्वास्थ्य लाभों पर चर्चा करना है।
1. वाइन का इतिहास: हजारों साल पुराना सफर
वाइन का इतिहास आज का नहीं, बल्कि लगभग 6000-8000 ईसा पूर्व का है। प्राचीन मेसोपोटामिया से लेकर ग्रीस और रोमन साम्राज्यों तक, वाइन को ‘देवताओं का पेय’ माना जाता था। भारत में भी अंगूर से बनी ‘द्राक्षासव’ का उल्लेख प्राचीन आयुर्वेदिक ग्रंथों में मिलता है।
2. सेहत और स्वाद का संगम
विशेषज्ञों के अनुसार, सीमित मात्रा में वाइन (विशेषकर रेड वाइन) का सेवन सेहत के लिए फायदेमंद हो सकता है:
- दिल की सेहत: रेड वाइन में मौजूद रेस्वेराट्रोल (Resveratrol) और एंटीऑक्सीडेंट्स हृदय रोगों के जोखिम को कम करने में मदद कर सकते हैं।
- मानसिक तनाव: हल्का वाइन सेवन तनाव कम करने और मूड को बेहतर बनाने के लिए जाना जाता है।
- पाचन में सहायक: भोजन के साथ वाइन का सेवन पाचन प्रक्रिया को धीमा और बेहतर बनाता है।

1. ऐतिहासिक संदर्भ: छत्रपति शिवाजी महाराज की पूर्व संध्या और रामकृष्ण परमहंस जयंती
आज का दिन आध्यात्मिक और ऐतिहासिक ऊर्जा से भरा है।
- रामकृष्ण परमहंस जयंती: आज महान संत और स्वामी विवेकानंद के गुरु, रामकृष्ण परमहंस की जयंती मनाई जा रही है। उनके “जितने मत, उतने पथ” के संदेश को आज भी दुनिया भर में शांति और सद्भाव के प्रतीक के रूप में याद किया जाता है।
- शिवाजी महाराज जयंती की तैयारी: कल (19 फरवरी) मराठा साम्राज्य के संस्थापक छत्रपति शिवाजी महाराज की जयंती है। आज पूरे महाराष्ट्र और देश के विभिन्न हिस्सों में ‘शिव जयंती’ की पूर्व संध्या पर भव्य सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आगाज हो रहा है।
2. अंतरराष्ट्रीय स्तर पर: वैश्विक कूटनीति और पर्यावरण
अंतरराष्ट्रीय पटल पर आज का दिन इन कारणों से चर्चा में है:
- जलवायु परिवर्तन सम्मेलन (प्रोग्रेस रिपोर्ट): 2026 के मध्य में होने वाले बड़े जलवायु शिखर सम्मेलन से पहले, आज अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ‘सस्टेनेबल एनर्जी’ को लेकर कई देशों के बीच द्विपक्षीय समझौतों पर हस्ताक्षर होने की संभावना है।
- अंतरिक्ष अन्वेषण: साल 2026 अंतरिक्ष विज्ञान के लिए “गोल्डन ईयर” माना जा रहा है। आज इसरो (ISRO) और अन्य वैश्विक अंतरिक्ष एजेंसियां आगामी चंद्र और मंगल मिशनों के अपडेट साझा कर सकती हैं।
3. राष्ट्रीय घटनाक्रम: बजट सत्र और विकास की रफ्तार
- संसद का बजट सत्र: फरवरी का महीना भारतीय संसद के लिए सबसे व्यस्त होता है। आज सदन में वित्त और बुनियादी ढांचे (Infrastructure) से जुड़े महत्वपूर्ण विधेयकों पर चर्चा अपेक्षित है।
- डिजिटल इंडिया 2.0: भारत आज अपनी डिजिटल अर्थव्यवस्था को $5 ट्रिलियन की ओर ले जाने के लिए नए तकनीकी सुधारों की घोषणा कर सकता है।
4. खेल जगत: रोमांच की लहर
- क्रिकेट और आगामी टूर्नामेंट: अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट कैलेंडर के हिसाब से आज कुछ महत्वपूर्ण द्विपक्षीय श्रृंखलाओं के निर्णायक मैच खेले जा रहे हैं, जो आगामी विश्व कप की रैंकिंग तय करने में अहम भूमिका निभाएंगे।
संपादकीय टिप्पणी (Editorial Note):
”18 फरवरी का दिन हमें अपनी जड़ों (रामकृष्ण परमहंस) से जुड़ने और भविष्य की तकनीक (डिजिटल क्रांति) के बीच संतुलन बनाने की सीख देता है। यह दिन विकास और विरासत के संगम का प्रतीक है।”

आज का पंचांग: धर्म, कर्म और नक्षत्र गणना
दिनांक: 18 फरवरी 2026, बुधवार
स्थान: नई दिल्ली (भारतीय मानक समय)
भारतीय वैदिक ज्योतिष और पंचांग के अनुसार, आज का दिन आध्यात्मिक और धार्मिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है। बुधवार का दिन बुद्धि के दाता भगवान गणेश को समर्पित है, जो आज के दिन की शुभता को और बढ़ा रहा है।
तिथि और पक्ष की स्थिति
आज फाल्गुन मास के शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा तिथि है। हिंदू कैलेंडर के अनुसार, प्रतिपदा तिथि आज दोपहर तक रहेगी, जिसके बाद द्वितीया तिथि का आरंभ होगा। शुक्ल पक्ष का प्रारंभ नई ऊर्जा और शुभ कार्यों की शुरुआत का प्रतीक माना जाता है।
नक्षत्र और योग का प्रभाव
आज ‘शतभिषा’ नक्षत्र प्रभावी रहेगा। ज्योतिष शास्त्र में शतभिषा नक्षत्र को ‘सौ चिकित्सकों का नक्षत्र’ कहा जाता है, जो स्वास्थ्य लाभ और जटिल कार्यों को सुलझाने के लिए उत्तम माना गया है। इसके साथ ही आज ‘साध्य’ योग का निर्माण हो रहा है, जो किसी भी कार्य में सफलता और कार्य सिद्धि के लिए श्रेष्ठ है।
आज के शुभ मुहूर्त (Amrit Kaal & Shubh Muhurat)
किसी भी मांगलिक कार्य या नई शुरुआत के लिए आज के शुभ समय इस प्रकार हैं:
- विजय मुहूर्त: दोपहर 02:28 से दोपहर 03:13 तक।
- अमृत काल: शाम 05:45 से शाम 07:20 तक।
- गोधूलि मुहूर्त: शाम 06:10 से शाम 06:35 तक।
राहुकाल: सावधानी बरतने का समय
ज्योतिषीय मान्यताओं के अनुसार, राहुकाल में शुभ कार्य वर्जित होते हैं। आज का राहुकाल दोपहर 12:35 से दोपहर 01:59 तक रहेगा। इस समयावधि में महत्वपूर्ण निर्णय लेने या नए अनुबंधों पर हस्ताक्षर करने से बचना चाहिए।
आज का विशेष धार्मिक महत्व
- बुधवार व्रत और गणेश पूजा: आज बुधवार होने के कारण भगवान गणेश की विशेष आराधना का दिन है। दूर्वा अर्पित करना और ‘ॐ गं गणपतये नमः’ का जाप करना करियर और व्यापार में आ रही बाधाओं को दूर करता है।
- चंद्र दर्शन: शुक्ल पक्ष की द्वितीया तिथि के समीप होने के कारण आज संध्या काल में चंद्र दर्शन का विशेष महत्व है, जो मन की शांति और मानसिक बल प्रदान करता है।
आज का मंत्र और उपाय
मंत्र: ॐ ब्राम ब्रीं ब्रौम सः बुधाय नमः।
उपाय: आज के दिन गाय को हरी घास खिलाना और पक्षियों को दाना डालना विशेष रूप से फलदायी रहेगा। इससे कुंडली में बुध ग्रह की स्थिति मजबूत होती है और बौद्धिक क्षमता में वृद्धि होती है।








