सांबा: अंतरराष्ट्रीय सीमा पर पाकिस्तानी ड्रोन की नापाक दस्तक, BSF की फायरिंग के बाद वापस भागा

- घगवाल थाना क्षेत्र में अंतरराष्ट्रीय सीमा पर देखी गई संदिग्ध गतिविधि।
- सतर्क BSF जवानों ने ड्रोन पर की कई राउंड फायरिंग।
- इलाके को खंगालने के लिए सुरक्षा बलों का बड़ा सर्च ऑपरेशन जारी।

सांबा: जम्मू-कश्मीर के सांबा जिले में अंतरराष्ट्रीय सीमा (IB) पर पाकिस्तान की ओर से एक बार फिर ड्रोन के जरिए घुसपैठ की कोशिश की गई। शुक्रवार तड़के घगवाल थाना क्षेत्र के सीमावर्ती इलाके में एक संदिग्ध पाकिस्तानी ड्रोन की हरकत सामने आई। हालांकि, सीमा पर तैनात सीमा सुरक्षा बल (BSF) के सतर्क जवानों ने मुस्तैदी दिखाते हुए ड्रोन को वापस लौटने पर मजबूर कर दिया।
तड़के सुनाई दी ड्रोन की गूंज
आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, 31 जनवरी 2026 की सुबह जब धुंध और अंधेरे का फायदा उठाकर पाकिस्तान की ओर से एक संदिग्ध वस्तु भारतीय क्षेत्र में प्रवेश करने की कोशिश कर रही थी, तभी ड्यूटी पर तैनात जवानों को भिनभिनाहट जैसी आवाज सुनाई दी। जवानों ने बिना समय गंवाए संदिग्ध दिशा की ओर कई राउंड फायर किए। फायरिंग होते ही पाकिस्तानी ड्रोन अपनी दिशा बदलकर वापस सीमा पार लौट गया।

इल्यूमिनेशन राउंड से रोशन हुआ आसमान
ड्रोन के वापस भागने के तुरंत बाद, BSF ने यह सुनिश्चित करने के लिए कि कहीं ड्रोन से कोई संदिग्ध सामग्री (हथियार या नशीले पदार्थ) तो नहीं गिराई गई है, इलाके में ‘इल्यूमिनेशन पैरा राउंड’ (रोशनी वाले गोले) दागे। इससे कुछ देर के लिए पूरा इलाका रोशनी से नहा गया, ताकि किसी भी तरह की संदिग्ध गतिविधि को स्पष्ट रूप से देखा जा सके।
बड़े पैमाने पर तलाशी अभियान (Search Operation)
घटना के तुरंत बाद सुरक्षा एजेंसियों को अलर्ट कर दिया गया। वर्तमान में BSF और स्थानीय पुलिस की संयुक्त टीमें घगवाल और आसपास के खेतों, नालों और रिहायशी इलाकों में सघन तलाशी अभियान चला रही हैं। अधिकारियों का कहना है कि अब तक किसी भी तरह के नुकसान या किसी संदिग्ध पैकेट की बरामदगी की सूचना नहीं है, लेकिन एहतियात के तौर पर चप्पे-चप्पे को खंगाला जा रहा है।

सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट पर
बता दें कि सीमावर्ती इलाकों में ड्रोन के जरिए हथियारों और हेरोइन की तस्करी की घटनाएं पहले भी सामने आती रही हैं। 26 जनवरी (गणतंत्र दिवस) के ठीक बाद हुई इस हरकत को सुरक्षा एजेंसियां बेहद गंभीरता से ले रही हैं। मामले की गहनता से जांच की जा रही है कि ड्रोन का असल मकसद क्या था।








