मानहानि मामला: कंगना रनौत को आज बठिंडा कोर्ट में पेश होने का आदेश, सुप्रीम कोर्ट से भी नहीं मिली राहत

बठिंडा: बॉलीवुड अभिनेत्री और भाजपा सांसद कंगना रनौत की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। किसान आंदोलन के दौरान एक बुजुर्ग महिला पर की गई टिप्पणी को लेकर चल रहे मानहानि के मामले में कंगना को आज, 15 जनवरी को बठिंडा की अदालत में व्यक्तिगत रूप से पेश होना होगा।
सुप्रीम कोर्ट ने खारिज की अर्जी
हाल ही में कंगना रनौत ने इस कानूनी कार्रवाई को रोकने और मामले को खत्म करने के लिए देश की सर्वोच्च अदालत (सुप्रीम कोर्ट) का दरवाजा खटखटाया था। हालांकि, शीर्ष अदालत ने उनकी अर्जी को स्वीकार करने से इनकार कर दिया, जिसके बाद अब उन्हें स्थानीय अदालत की कार्यवाही का सामना करना पड़ेगा।

क्या है पूरा मामला?
यह विवाद साल 2020-21 के किसान आंदोलन के समय शुरू हुआ था। कंगना रनौत ने सोशल मीडिया पर एक बुजुर्ग महिला की फोटो साझा करते हुए टिप्पणी की थी कि “ऐसी महिलाएं 100-100 रुपये के लिए आंदोलन में शामिल होती हैं।” कंगना ने उक्त महिला की तुलना शाहीन बाग वाली ‘दादी’ से की थी और लिखा था कि वह ‘किराए’ पर उपलब्ध हैं।

इस टिप्पणी से आहत होकर बठिंडा के गांव बहादुरगढ़ की रहने वाली 81 वर्षीय महिंदर कौर ने 4 जनवरी 2021 को कंगना के खिलाफ मानहानि का केस दायर किया था। महिंदर कौर का कहना था कि इस टिप्पणी से उनकी और किसान महिलाओं की प्रतिष्ठा को ठेस पहुंची है।
पेशी से छूट की मांग नामंजूर
मामले की पिछली सुनवाई के दौरान कंगना के वकील ने कोर्ट से व्यक्तिगत पेशी से छूट मांगी थी। लेकिन महिंदर कौर के वकील रघुबीर सिंह बहनीवाल की दलीलों को सुनने के बाद, कोर्ट ने सख्ती दिखाते हुए कंगना को आज अदालत में हाजिर होने का निर्देश दिया था।

मुख्य बिंदु:
- शिकायतकर्ता: महिंदर कौर (81 वर्ष), निवासी बहादुरगढ़, बठिंडा।
- आरोप: सोशल मीडिया पर अपमानजनक टिप्पणी और मानहानि।
- कोर्ट का रुख: पिछली सुनवाई में कोर्ट ने व्यक्तिगत उपस्थिति अनिवार्य की थी।








