वेब स्टोरी

ई-पेपर

लॉग इन करें

नियम सबके लिए बराबर, RTO सोना चंदेल ने पहले अपनी सरकारी गाड़ी का काटा चालान, फिर पति की स्कूटी पर भी ठोका जुर्माना

नियम सबके लिए बराबर, RTO सोना चंदेल ने पहले अपनी सरकारी गाड़ी का काटा चालान, फिर पति की स्कूटी पर भी ठोका जुर्माना

नahan (सिरमौर): ‘कानून के हाथ लंबे होते हैं’ और ‘नियम सबके लिए एक समान हैं’—इन कहावतों को सिरमौर की क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी (RTO) सोना चंदेल ने हकीकत में बदल कर दिखाया है। अपनी सख्त कार्यशैली और ईमानदारी के लिए मशहूर सोना चंदेल ने न केवल अपने विभाग की सरकारी गाड़ी का चालान काटा, बल्कि नियमों के उल्लंघन पर अपने पति की स्कूटी पर भी भारी जुर्माना लगाया।

खुद की गाड़ी का प्रदूषण सर्टिफिकेट था एक्सपायर

​ताजा मामला 20 दिसंबर 2025 का है। RTO सोना चंदेल काला अंब क्षेत्र में वाहनों की नियमित चेकिंग कर रही थीं। जांच के दौरान जब उन्होंने बैरियर स्टाफ के निजी वाहनों के दस्तावेज मांगे, तो एक कर्मचारी ने दबी आवाज में कहा, “मैम, आपकी सरकारी गाड़ी (HP 63 C-7365) का प्रदूषण प्रमाणपत्र (PUC) भी एक्सपायर हो चुका है।”

​यह सुनते ही आरटीओ ने बिना किसी हिचक के अपनी ही सरकारी गाड़ी का 500 रुपये का चालान काट दिया। मौके पर मौजूद कर्मचारी और लोग अधिकारी की इस निष्पक्षता को देख दंग रह गए। इसके तुरंत बाद गाड़ी का वैध प्रदूषण प्रमाणपत्र भी बनवाया गया।

पति की स्कूटी का भी नहीं बख्शा

​यह पहली बार नहीं है जब उन्होंने अपनों पर कानून का डंडा चलाया हो। इससे पहले 27 मई 2025 को हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट (HSRP) अभियान के दौरान उन्होंने अपने पति की स्कूटी (HP 71-9045) पर नंबर प्लेट न होने के कारण 3,000 रुपये का चालान काटा था। सूत्रों के अनुसार, इस जुर्माने की राशि उन्होंने खुद अपनी जेब से भरी थी।

राजस्व जुटाने में भी बनाया रिकॉर्ड

​सोना चंदेल केवल अनुशासन ही नहीं, बल्कि विभागीय लक्ष्यों को पूरा करने में भी अव्वल रही हैं:

    • वर्ष 2024-25: 1.5 करोड़ के लक्ष्य के मुकाबले 2.5 करोड़ रुपये का राजस्व जुटाया।
    • मौजूदा वित्त वर्ष: 1.5 करोड़ के लक्ष्य के मुकाबले अब तक करीब 2.75 करोड़ रुपये सरकारी खजाने में जमा कराए।
  • पुरस्कार में मिली हाइब्रिड गाड़ी: उनके इसी उत्कृष्ट प्रदर्शन को देखते हुए परिवहन विभाग ने सिरमौर जिले को अतिरिक्त इनाम के रूप में ‘टोयोटा हाइब्रिड’ वाहन प्रदान किया है।

​आज सोना चंदेल न केवल विभाग के लिए, बल्कि समाज के लिए भी एक मिसाल बन चुकी हैं कि अगर अधिकारी ठान ले, तो भ्रष्टाचार और लापरवाही पर पूरी तरह लगाम लगाई जा सकती है।

Ami News
Author: Ami News

trfgcvkj.blkjhgfd

Leave a Comment

और पढ़ें

Horoscope

Weather

और पढ़ें
error: Content is protected !!