बडगाम NIA अदालत का कड़ा एक्शन: अमेरिका में रह रहे अलगाववादी डॉ. फई की संपत्ति कुर्क करने के आदेश

बडगाम | आतंकवाद और अलगाववादी गतिविधियों पर कड़ा प्रहार करते हुए बडगाम की विशेष एनआईए (NIA) अदालत ने अमेरिका में रह रहे कश्मीरी अलगाववादी गुलाम नबी शाह उर्फ डॉ. फई के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। अदालत ने डॉ. फई की अचल संपत्ति को अनलॉफुल एक्टिविटीज़ (प्रिवेंशन) एक्ट (UAPA) के तहत कुर्क (Attach) करने का आदेश जारी किया है।
कलेक्टर और एसएसपी को तत्काल कार्रवाई के निर्देश
अदालत ने बडगाम के जिला कलेक्टर को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि वे वडवान और चट्टाबुघ गांवों में स्थित डॉ. फई की संपत्तियों पर तत्काल कब्जा लें। इसके साथ ही, बडगाम के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) को आदेश दिया गया है कि वे इस कुर्की की प्रक्रिया को सुचारू रूप से लागू करने के लिए आवश्यक पुलिस बल और सहायता प्रदान करें।

क्यों हुई यह कार्रवाई?
यह कार्रवाई पुलिस स्टेशन बडगाम में दर्ज एफआईआर संख्या 46/2020 के संबंध में की गई है। डॉ. फई पर UAPA की धारा 10, 13 और 39 के तहत गंभीर आरोप हैं।
भगोड़ा घोषित: बार-बार प्रोक्लेमेशन नोटिस जारी होने के बावजूद डॉ. फई जांच एजेंसी के सामने पेश नहीं हुए।
कानूनी प्रक्रिया से बचाव: अदालत ने पाया कि आरोपी जानबूझकर गिरफ्तारी से बचने के लिए छिपा हुआ है। इसी के चलते 26 अप्रैल 2025 को उन्हें आधिकारिक तौर पर भगोड़ा घोषित कर दिया गया था।

कानूनी प्रावधानों का इस्तेमाल
अभियोजन पक्ष ने जांच अधिकारी के माध्यम से भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 85 (पुरानी सीआरपीसी की धारा 83) के तहत संपत्ति अटैच करने की अर्जी दाखिल की थी। अदालत ने माना कि आरोपी कानूनी प्रक्रिया में सहयोग करने के बजाय खुद को छिपा रहा है, जिसके बाद यह सख्त कदम उठाया गया।








