आतंकवाद और नशे के विरुद्ध गुरदासपुर पुलिस की बड़ी स्ट्राइक, हथियारों का जखीरा बरामद, आतंकी नेटवर्क ध्वस्त

जिला पुलिस गुरदासपुर ने वर्ष 2025 के दौरान आतंकवाद, गैंगवाद और नशे के नेटवर्क के खिलाफ एक निर्णायक युद्ध छेड़ते हुए बड़ी सफलताएं हासिल की हैं। एसएसपी आदित्य ने आज पत्रकारों से बातचीत के दौरान जिला पुलिस की वार्षिक उपलब्धियों का ब्योरा साझा किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि पाकिस्तान सीमा से सटे इस संवेदनशील जिले में पुलिस ‘सेकंड डिफेंस लाइन’ के रूप में मुस्तैदी से काम कर रही है।
हथियारों का जखीरा बरामद, आतंकी नेटवर्क ध्वस्त
एसएसपी आदित्य ने बताया कि आतंकवाद विरोधी अभियान के तहत पुलिस ने इस साल कुल 37 आरोपियों को गिरफ्तार किया। इनके कब्जे से हथियारों का बड़ा जखीरा बरामद हुआ है, जिसमें शामिल हैं:
पिस्तौल: 59 और 3 देसी पिस्तौल
एके-47 राइफल: 02
हैंड ग्रेनेड: 03
मैगजीन व कारतूस: 72 मैगजीन और 351 कारतूस
केस दर्ज: आर्म्स एक्ट के तहत कुल 24 मामले दर्ज कर गैंगस्टरों की कमर तोड़ी गई।

नशा तस्करी पर कड़ा प्रहार: 1110 गिरफ्तार
नशे के खिलाफ अभियान (NDPS एक्ट) की जानकारी देते हुए एसएसपी ने बताया कि पुलिस ने 792 मामले दर्ज कर 1110 तस्करों को जेल भेजा।
बरामदगी: 19 किलो से अधिक हेरोइन, 5 किलो अफीम, 26 किलो चूरा पोस्त और भारी मात्रा में नशीली गोलियां व कैप्सूल।
ड्रग मनी: तस्करों से 11 लाख 83 हजार 710 रुपये की ड्रग मनी भी बरामद की गई।
संपत्ति कुर्की: पुलिस ने 11 बड़े नशा तस्करों की 3,42,92,962 रुपये की संपत्ति जब्त (Freeze) कर उन्हें आर्थिक चोट पहुंचाई है।
साइबर क्राइम और शराब तस्करी पर लगाम
साइबर सेल: साइबर ठगी की 1092 शिकायतों में से 363 का निपटारा कर लोगों के 1 करोड़ 70 हजार रुपये वापस कराए गए। साथ ही 126 चोरीशुदा मोबाइल बरामद कर मालिकों को सौंपे गए।
आबकारी विभाग: अवैध शराब के खिलाफ 378 मामले दर्ज कर 383 लोग गिरफ्तार किए गए और भारी मात्रा में लाहन व चालू भट्टियां पकड़ी गईं।
”गुरदासपुर की सीमा पाकिस्तान से लगती है, इसलिए हमारी जिम्मेदारी दोहरी है। हम न केवल अपराध रोक रहे हैं, बल्कि सीमा पर दूसरी रक्षा पंक्ति के रूप में भी तैनात हैं। देश विरोधी तत्वों के खिलाफ यह सख्ती भविष्य में भी जारी रहेगी।”
— आदित्य, एसएसपी गुरदासपुर

अन्य महत्वपूर्ण उपलब्धियां:
भगोड़े अपराधी: साल भर में 11 घोषित अपराधी (PO) और 65 वांछित अपराधी पकड़े गए।
कलानौर थाना: हेरोइन की सबसे बड़ी रिकवरी (4.624 किलो) इसी थाना क्षेत्र से हुई।
जनता का भरोसा: लोगों में सुरक्षा की भावना पैदा करने के लिए जिले के शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में कुल 90 फ्लैग मार्च निकाले गए।
इस अवसर पर एसएसपी के साथ एसपी (डी) के. चौधरी व अन्य पुलिस अधिकारी भी मौजूद थे।








