एसपी नूरपुर की पहल, जनता ने सराहा; ‘एंटी-चिट्टा अभियान’ को समर्थन

कोटला (हिमाचल प्रदेश): नशे के खिलाफ लड़ाई में जनता की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने और अपराध पर नियंत्रण के लिए हाल ही में कोटला में एक इंटरैक्टिव सार्वजनिक बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक का मुख्य केंद्र नशीले पदार्थों के खतरे और उनके हानिकारक प्रभावों पर जागरूकता फैलाना था।

🤝 नशे के खिलाफ सहयोग का आह्वान
बैठक के दौरान उपस्थित जनसमूह से आह्वान किया गया कि वे नशाखोरी के खिलाफ जारी अभियान में सक्रिय सहयोग प्रदान करें। पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि इस सामाजिक बुराई को जड़ से खत्म करने के लिए जनता-पुलिस साझेदारी अत्यंत आवश्यक है।
💻 साइबर फ्रॉड से बचाव पर जानकारी
नशे के मुद्दे के साथ-साथ, इस दौरान लोगों को साइबर धोखाधड़ी (Cyber Frauds) और ऑनलाइन घोटालों (Online Scams) के बारे में भी महत्वपूर्ण जागरूकता प्रदान की गई। जनता को इन अपराधों से सुरक्षित रहने के लिए आवश्यक सावधानियों से अवगत कराया गया।

🗣️ जनता की शिकायतें सुनी गईं
पुलिस अधिकारियों ने धैर्यपूर्वक जनता की शिकायतों को सुना और उनके निराकरण का आश्वासन दिया। इसके अतिरिक्त, जनता-पुलिस सहयोग (Public–Police Cooperation) के माध्यम से पुलिसिंग में और सुधार लाने के लिए मूल्यवान सुझाव आमंत्रित किए गए।
👍 पुलिस के प्रयास की सराहना
इस पहल के लिए जनता ने पुलिस के सक्रिय और जन-हितैषी (People-Friendly) दृष्टिकोण और सीधी बातचीत (Direct Interaction) की पहल की सराहना की।

✅ ‘एंटी-चिट्टा अभियान’ को समर्थन
उपस्थित जनसमूह ने हिमाचल प्रदेश पुलिस और राज्य सरकार द्वारा चलाए जा रहे “एंटी-चिट्टा अभियान” की भी जमकर प्रशंसा की और इस चल रहे अभियान के लिए पूर्ण समर्थन व्यक्त किया।
एसपी नूरपुर द्वारा आयोजित यह बैठक पुलिस और जनता के बीच बेहतर तालमेल स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जिससे क्षेत्र में कानून-व्यवस्था को और मजबूत किया जा सकेगा।








