दिल्ली में ऐतिहासिक शुरुआत: सब्जी मंडी में खुला राजधानी का पहला ‘ऑल-विमेन’ पुलिस थाना

नई दिल्ली, : राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में महिलाओं की सुरक्षा को और अधिक चाक-चौबंद करने तथा उनके खिलाफ होने वाले अपराधों पर सख्ती से लगाम लगाने के लिए एक ऐतिहासिक कदम उठाया गया है। उत्तरी दिल्ली के सब्जी मंडी इलाके में दिल्ली के पहले पूर्ण महिला पुलिस थाने (All-Women Police Station) का भव्य उद्घाटन किया गया है। इस थाने की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि यहाँ तैनात होने वाला पूरा स्टाफ महिलाओं का है, जिससे पीड़ित महिलाएं बिना किसी संकोच या हिचकिचाहट के अपनी शिकायतें दर्ज करा सकेंगी।

उपराज्यपाल और पुलिस आयुक्त ने किया उद्घाटन
महिला सुरक्षा को समर्पित इस विशेष पहल की शुरुआत दिल्ली के उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू ने की। उन्होंने सब्जी मंडी थाना परिसर में दिल्ली पुलिस आयुक्त सतीश गोलछा की गरिमामयी उपस्थिति में इस अत्याधुनिक पुलिस थाने का फीता काटकर उद्घाटन किया।
जांच अधिकारी से लेकर सहायक स्टाफ तक सिर्फ महिलाएं
पुलिस अधिकारियों ने जानकारी देते हुए बताया कि नवनिर्मित यह थाना दिल्ली का पहला ऐसा पुलिस स्टेशन है, जहाँ पूरी तरह से महिला कर्मचारी और अधिकारी ही तैनात की गई हैं। यहाँ थाना प्रभारी (SHO), जांच अधिकारी (IO) से लेकर कांस्टेबल और सहायक स्टाफ तक सभी महिलाएं हैं। इस थाने की स्थापना का मुख्य लक्ष्य महिलाओं के खिलाफ होने वाले गंभीर अपराधों को रोकना, उनकी त्वरित व निष्पक्ष जांच करना और उनका प्रभावी समाधान सुनिश्चित करना है।
“यह थाना केवल अपराधों पर लगाम ही नहीं लगाएगा, बल्कि पीड़ितों को एक ऐसा सुरक्षित माहौल देगा जहाँ वे खुलकर अपनी बात रख सकेंगी।” > — वरिष्ठ पुलिस अधिकारी

जागरूकता और परामर्श पर रहेगा विशेष ध्यान
दिल्ली पुलिस के अनुसार, यह थाना केवल कानूनी कार्रवाई तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि समाज में बदलाव लाने का माध्यम भी बनेगा। इसके तहत:
- सामुदायिक भागीदारी: महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए स्थानीय स्तर पर सामुदायिक भागीदारी को मजबूत किया जाएगा।
- जागरूकता अभियान: महिलाओं के अधिकारों और उन्हें मिलने वाले कानूनी उपायों के बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिए विशेष कार्यक्रम और संपर्क अभियान चलाए जाएंगे।
- परामर्श (Counselling): पीड़ित महिलाओं और उनके परिवारों को मानसिक व कानूनी संबल देने के लिए थाने में परामर्श की सुविधा भी प्रदान की जाएगी।
दिल्ली पुलिस की इस अनूठी पहल को राजधानी में महिला सशक्तिकरण और सुरक्षा की दिशा में एक मील का पत्थर माना जा रहा है।








