धनतेरस पर रिकॉर्ड तोड़ धनवर्षा: ₹1 लाख करोड़ का कारोबार, सोना-चांदी बिक्री में 25% उछाल

इस साल धनतेरस ने देश भर के बाजारों में खरीदारी के सभी पुराने रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। प्रमुख व्यापारिक संगठन कॉन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (CAIT) के आंकड़ों के अनुसार, शुभ अवसर पर भारतीय उपभोक्ताओं ने अनुमानित ₹1 लाख करोड़ की बंपर खरीदारी की। यह कारोबार पिछले साल की तुलना में 25% से अधिक रहा, जिसने सुस्त चल रही अर्थव्यवस्था को जोरदार बढ़ावा दिया है।

सोने-चांदी ने लगाया ₹60,000 करोड़ का चौका:
रिकॉर्ड-तोड़ बिक्री में सबसे बड़ी हिस्सेदारी सोने और चांदी के आभूषणों की रही। सोने और चांदी की कुल बिक्री ₹60 हजार करोड़ के आंकड़े को पार कर गई, जो कि पिछले साल की धनतेरस की तुलना में करीब 25% ज़्यादा है। धातुओं की कीमतें रिकॉर्ड ऊँचाई पर होने के बावजूद, निवेश और शुभता के लिए लोगों ने सोने के सिक्के, हल्के गहने और चांदी के बर्तन खरीदने में खूब दिलचस्पी दिखाई।

ऑटो सेक्टर में मारुति का दबदबा:
सिर्फ सर्राफा बाजार ही नहीं, ऑटोमोबाइल और इलेक्ट्रॉनिक्स सेक्टर में भी ग्राहकों का उत्साह देखने लायक था। इस धनतेरस पर वाहनों की बिक्री में भी ज़बरदस्त उछाल आया। उपलब्ध रिपोर्ट के अनुसार, सबसे ज्यादा कारें मारुति सुजुकी ने बेचीं, जिसने इस त्योहारी सीजन में ग्राहकों की मांग को सफलतापूर्वक भुनाया। अन्य कार निर्माताओं ने भी मजबूत डिलीवरी दर्ज की।
अन्य क्षेत्रों में भी बंपर बिक्री:

CAIT के अनुसार, ₹1 लाख करोड़ के कुल कारोबार में अन्य प्रमुख क्षेत्रों का योगदान भी महत्वपूर्ण रहा:
इलेक्ट्रॉनिक सामान: स्मार्ट डिवाइस और होम अप्लायंसेज की बिक्री में भारी उछाल।
बर्तन और गृह सज्जा: शुभ माने जाने वाले बर्तनों की खरीदारी में भी भारी भीड़ देखी गई।
अन्य सामान: कपड़े, ड्राई फ्रूट्स, मिठाई और पूजा सामग्री की बिक्री भी शानदार रही।
व्यापारी उत्साहित:

CAIT के महासचिव ने इस रिकॉर्ड तोड़ बिक्री पर खुशी जाहिर करते हुए कहा कि, “यह बिक्री देश के नागरिकों के मजबूत आर्थिक भरोसे और भारतीय त्यौहारों की शक्ति को दर्शाती है। बाजार में तरलता का यह प्रवाह आगामी दीपावली उत्सव के लिए एक बहुत मजबूत आधार तैयार करेगा।”








