25 मई 2026 आज का खास दिन
आज का विशेष समाचार: 25 मई 2026
नई दिल्ली: समय का पहिया अपनी गति से निरंतर चल रहा है और आज हम वर्ष 2026 के मई महीने के 25वें दिन पर आ पहुंचे हैं। सोमवार का यह दिन राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय और धार्मिक, तीनों ही दृष्टिकोणों से बेहद महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक महत्व समेटे हुए है। आज एक ओर जहां वैश्विक स्तर पर मानवता और स्वास्थ्य से जुड़े बड़े संदेश दिए जा रहे हैं, वहीं दूसरी ओर सनातन परंपरा में आस्था का महापर्व ‘गंगा दशहरा’ मनाया जा रहा है। आइए विस्तार से जानते हैं कि आज के दिन का वैश्विक और आध्यात्मिक महत्व क्या है और आज का पंचांग हमारे जीवन के लिए क्या निर्देश दे रहा है।
अंतरराष्ट्रीय और राष्ट्रीय दृष्टिकोण: मानवता, जागरूकता और इतिहास का संगम
अंतरराष्ट्रीय पटल पर आज का दिन गंभीर चिंतन, स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता और पर्यावरण संरक्षण का संदेश देता है। आज दुनिया भर में कई महत्वपूर्ण दिवस मनाए जा रहे हैं:
अंतरराष्ट्रीय गुमशुदा बाल दिवस (International Missing Children’s Day)
आज का दिन उन मासूम बच्चों को समर्पित है जो किन्हीं कारणों से अपने परिवारों से बिछड़ गए हैं। 25 मई को वैश्विक स्तर पर गुमशुदा बच्चों के प्रति जागरूकता फैलाने, उन्हें तलाशने के प्रयासों को तेज करने और उनके परिवारों को ढाढस बंधाने के लिए यह दिवस मनाया जाता है। इसका प्रतीक ‘फॉर्गेट-मी-नॉट’ (मुझे भूलना मत) का फूल है।
विश्व थायराइड दिवस (World Thyroid Day)
स्वास्थ्य के दृष्टिकोण से आज का दिन बेहद खास है। थायराइड ग्रंथि से जुड़ी बीमारियों के प्रति लोगों को जागरूक करने और इसके समय पर इलाज के महत्व को समझाने के लिए आज दुनिया भर में चिकित्सा संगठन विशेष अभियान चला रहे हैं।
अंतरराष्ट्रीय प्लास्टिक मुक्त दिवस (International Plastic Free Day)
पर्यावरण को बचाने के संकल्प के साथ आज दुनिया भर में प्लास्टिक के उपयोग को कम करने और इसके विकल्पों को अपनाने पर जोर दिया जा रहा है। पृथ्वी को प्रदूषण मुक्त बनाने की दिशा में यह एक बेहद प्रभावी दिन है।
राष्ट्रीय व ऐतिहासिक महत्व
इतिहास के पन्नों को पलटें तो आज ही के दिन (25 मई 1787) जॉर्ज वाशिंगटन ने फिलाडेल्फिया में पहले संवैधानिक सम्मेलन की अध्यक्षता की थी, जिसने आधुनिक लोकतांत्रिक व्यवस्था की नींव रखी। खेल जगत के लिए भी यह दिन ऐतिहासिक है; आज ही के दिन महान एथलीट जेसी ओवेन्स ने मात्र 45 मिनट के भीतर चार विश्व रिकॉर्ड बनाकर खेल इतिहास का सबसे चमकीला पन्ना लिखा था।
धार्मिक दृष्टिकोण: धरा पर मां गंगा का अवतरण, पावन ‘गंगा दशहरा’
धार्मिक और आध्यात्मिक दृष्टि से आज का दिन सनातन धर्मावलंबियों के लिए परम पवित्र है। आज ‘गंगा दशहरा’ का महापर्व है।
पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, ज्येष्ठ मास के शुक्ल पक्ष की दशमी तिथि को ही राजा भागीरथ की घोर तपस्या से प्रसन्न होकर मां गंगा स्वर्ग से शिव की जटाओं में होते हुए पृथ्वी पर अवतरित हुई थीं। इस पावन अवसर को ‘गंगा अवतरण’ के रूप में मनाया जाता है।
माना जाता है कि आज के दिन पवित्र नदियों, विशेषकर गंगा जी में स्नान करने से मनुष्य के दस प्रकार के पापों (कायिक, वाचिक और मानसिक) का नाश होता है। आज के दिन दान-पुण्य का विशेष महत्व है। भीषण गर्मी के इस मौसम में आज जल, मिट्टी के घड़े, सत्तू, वस्त्र और मौसमी फलों का दान करने से अक्षय पुण्य की प्राप्ति होती है और पितरों को मोक्ष मिलता है। हरिद्वार, वाराणसी, प्रयागराज और ऋषिकेश के घाटों पर सुबह से ही श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ रहा है।

क्या कहता है आज का पंचांग: शुभ मुहूर्त और ग्रह दशा
25 मई 2026, सोमवार का पंचांग दैनिक कार्यों को सही समय पर करने और अशुभ समय से बचने के लिए बेहद मददगार है। आज की ग्रह-नक्षत्र गणना कुछ इस प्रकार है:
- विक्रम संवत: 2083 (सिद्धार्थी)
- शक संवत: 1948 (पराभव)
- मास व पक्ष: ज्येष्ठ मास, शुक्ल पक्ष
- आज की तिथि: दशमी तिथि (यह तिथि आज पूरे दिन और रात को पार कर 26 मई की सुबह 05:11 बजे तक रहेगी, इसके बाद एकादशी तिथि प्रारंभ होगी)।
- आज का नक्षत्र: उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र (आज पूरे दिन और रात को पार कर 26 मई की सुबह 04:08 बजे तक), इसके बाद हस्त नक्षत्र लगेगा।
- आज का योग: वज्र योग (रात 03:15 बजे तक), उसके बाद सिद्धि योग।
- सूर्य और चंद्र की स्थिति: सूर्य देव इस समय वृषभ राशि में विराजमान हैं। वहीं, चंद्रमा सुबह 09:07 बजे तक सिंह राशि में संचार करने के बाद कन्या राशि में प्रवेश कर चुके हैं।
आज के शुभ और अशुभ समय का चक्र
जीवन में शुभ कार्यों की शुरुआत के लिए सही समय का चयन आवश्यक है। पंचांग के अनुसार आज के विशिष्ट मुहूर्त इस प्रकार हैं:
- सूर्योदय: सुबह 05:29 बजे
- सूर्यास्त: शाम 07:06 बजे
- ब्रह्म मुहूर्त: सुबह 03:53 बजे से 04:41 बजे तक (साधना और स्नान के लिए सर्वोत्तम)।
- अभिजीत मुहूर्त (सर्वश्रेष्ठ शुभ समय): दोपहर 11:50 बजे से दोपहर 12:45 बजे तक। इस समय में किए गए कार्य सफल होते हैं।
- अमृत काल: रात 08:31 बजे से रात 10:13 बजे तक।

विशेष सावधानी (राहुकाल):
आज सुबह 07:09 बजे से सुबह 08:52 बजे तक राहुकाल रहेगा। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, राहुकाल के दौरान किसी भी नए काम की शुरुआत, महत्वपूर्ण व्यावसायिक सौदे या शुभ मांगलिक कार्यों को करने से बचना चाहिए।
आज सोमवार का दिन, उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र और गंगा दशहरा का यह अनूठा संयोग मानसिक शांति और आध्यात्मिक उन्नति के लिए बेहद फलदायी है। मां गंगा की आराधना के साथ आज का दिन आपके लिए मंगलमय हो









