सोनू सूद ने की भावुक अपील: ‘पंजाब सरकार न मारे बेजुबान कुत्ते, मैं बनवाऊंगा शेल्टर होम‘

चंडीगढ़/मुंबई: पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान की ‘एक्स’ (पहले ट्विटर) पर की गई एक पोस्ट के बाद आवारा कुत्तों की सुरक्षा को लेकर बहस छिड़ गई है। इस संवेदनशील मुद्दे पर अब बॉलीवुड अभिनेता और समाज सेवक सोनू सूद भी कूद पड़े हैं। सोनू सूद ने अपने आधिकारिक इंस्टाग्राम अकाउंट पर एक वीडियो साझा कर पंजाब सरकार के कथित आदेशों पर गहरी चिंता व्यक्त की है।
अभिनेता ने दावा किया कि पंजाब के मुख्यमंत्री द्वारा आवारा कुत्तों को मारने के आदेश जारी किए गए हैं। सोनू ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि समस्याओं के बावजूद बेजुबान कुत्तों को मारना किसी भी समस्या का समाधान नहीं है।

”वफादारी की मिसाल हैं कुत्ते, मारने के बजाय अपनाएं”
सोनू सूद ने वीडियो में कुत्तों की वफादारी का जिक्र करते हुए कहा, “अगर दुनिया में वफादारी की बात की जाए, तो कुत्तों से ज्यादा वफादार कोई नहीं होता। बहुत से लोग आवारा कुत्तों को गोद (अडॉप्ट) लेते हैं और वे बेहद शांत और सुरक्षित साबित होते हैं।” हालांकि, उन्होंने इस बात को भी स्वीकार किया कि कई जगहों पर बच्चों और आम लोगों को आवारा कुत्तों द्वारा काटने के मामले सामने आते रहते हैं, लेकिन इसके बावजूद भी उन्हें मार देना सरासर गलत है।

अभिनेता की जनता से खास अपील
सोनू सूद ने इस स्थिति से निपटने के लिए आम जनता के सामने कुछ व्यावहारिक सुझाव रखे हैं:
- कुत्तों को गोद लें: उन्होंने लोगों से अपील की है कि वे आगे आएं और ज्यादा से ज्यादा आवारा कुत्तों को अडॉप्ट करें ताकि उनकी जान बचाई जा सके।
- गले में डालें पट्टा: सोनू ने कहा कि जिन आवारा कुत्तों को लोग नियमित रूप से खाना खिलाते हैं या जिनका ध्यान रखते हैं, उनके गले में एक पट्टा (Collar) बांध दें। इससे प्रशासन और अन्य लोगों को पता चल सकेगा कि यह कुत्ता पालतू या देखरेख में है, जिससे उसकी जान बच सकेगी।
- प्रशासन को दें सूचना: उन्होंने कहा कि स्थानीय लोगों को पता होता है कि गली में कौन सा कुत्ता खतरनाक या हिंसक हो रहा है। ऐसे कुत्तों को मारने के बजाय प्रशासन को सूचित कर उन्हें पकड़वाया जाना चाहिए।
खुद बनाएंगे शेल्टर होम
मुद्दे का स्थाई समाधान ढूंढते हुए सोनू सूद ने घोषणा की है कि वे खुद बेजुबान और बेसहारा कुत्तों के लिए ‘शेल्टर होम’ (Shelter Homes) बनवाने का प्रयास करेंगे। उन्होंने जनता से भावुक अपील करते हुए कहा कि सरकार के इस कदम को रोकने के लिए लोगों को खुद आगे आना होगा और बेजुबानों का सहारा बनना होगा।








