जोगिंद्रनगर: स्कूल जा रहे मां-बच्चों पर रंगड़ों का खूनी हमला, महिला की हालत नाजुक
मतकेहड़ गांव की संगीता और उसके दो मासूम बच्चे हुए शिकार; अस्पताल में इलाज जारी

मंडी (जोगिंद्रनगर) : हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले के उपमंडल जोगिंद्रनगर के तहत द्राहल क्षेत्र में एक रोंगटे खड़े कर देने वाली घटना सामने आई है। यहाँ बच्चों को स्कूल छोड़ने जा रही एक महिला और उसके दो मासूम बच्चों पर रंगड़ों (जहरीले ततैया) के झुंड ने जानलेवा हमला कर दिया। इस हमले में महिला गंभीर रूप से घायल हुई है, जबकि उसके दोनों बच्चे भी बुरी तरह जख्मी हुए हैं।
क्या है पूरा मामला?
मिली जानकारी के अनुसार, मतकेहड़ गांव की रहने वाली 28 वर्षीय संगीता बुधवार सुबह अपने 11 वर्षीय बेटे साहिल और 8 वर्षीय बेटी मुस्कान को स्कूल छोड़ने के लिए द्राहल पहुंची थीं। जैसे ही वे स्कूल के प्रवेश द्वार के समीप पहुंचे, अचानक पेड़ों से रंगड़ों के एक बड़े झुंड ने उन पर धावा बोल दिया।

मां ने बच्चों को बचाने के लिए खुद को झोंका
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, रंगड़ों ने संगीता को बुरी तरह घेर लिया और उनके शरीर पर दर्जनों जगह डंक मार दिए। बच्चों को बचाने की जद्दोजहद में साहिल और मुस्कान भी इसकी चपेट में आ गए। चीख-पुकार सुनकर स्थानीय ग्रामीण मौके पर पहुंचे और भारी मशक्कत के बाद तीनों को रंगड़ों के चंगुल से छुड़ाया।

अस्पताल में चल रहा है आपातकालीन उपचार
ग्रामीणों ने तुरंत 108 एंबुलेंस की मदद से घायलों को नागरिक अस्पताल जोगिंद्रनगर पहुंचाया।
डॉ. विकास नाथ (एसएमओ, नागरिक अस्पताल जोगिंद्रनगर) ने बताया:
“अस्पताल में तीन मरीज भर्ती किए गए हैं। महिला के शरीर पर डंक के निशान काफी गहरे हैं, जिसके कारण उनकी हालत गंभीर बनी हुई है। पूरी मेडिकल टीम बच्चों और महिला की निगरानी कर रही है और उन्हें प्राथमिकता के आधार पर उपचार दिया जा रहा है।”

इलाके में दहशत का माहौल
इस अचानक हुए हमले के बाद द्राहल और आसपास के क्षेत्रों में दहशत का माहौल है। स्कूल के ठीक पास हुई इस घटना ने अभिभावकों की चिंता बढ़ा दी है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि स्कूल के आसपास पेड़ों पर लगे रंगड़ों के छत्तों को जल्द से जल्द हटाया जाए ताकि भविष्य में ऐसी किसी अनहोनी को टाला जा सके।








