कनाडा में रह रहे पंजाबियों को बड़ी राहत: अब वर्क-स्टडी परमिट खत्म होने पर नहीं छोड़ना होगा देश
कनाडा सरकार का बड़ा फैसला: 1 मई 2026 से लागू हुए नए नियम, 90 दिनों के भीतर ‘विजिटर रिकॉर्ड’ के लिए कर सकेंगे अप्लाई

ओटावा/टोरंटो:कनाडा में रह रहे हजारों पंजाबियों और अन्य अंतरराष्ट्रीय छात्रों व कामगारों के लिए खुशखबरी सामने आई है। इमिग्रेशन, रिफ्यूजी एंड सिटीजनशिप कनाडा (IRCC) ने वर्क और स्टडी परमिट के नियमों में ऐतिहासिक बदलाव किया है। नए नियमों के अनुसार, अब वीजा अवधि समाप्त होने के बाद प्रवासियों को तुरंत अपना बोरिया-बिस्तर समेट कर वतन वापस लौटने की मजबूरी नहीं होगी।

क्या है नया नियम?
1 मई 2026 से प्रभावी हुए इन आदेशों के मुताबिक, यदि किसी व्यक्ति का वर्क परमिट या स्टडी परमिट खत्म हो जाता है, तो वह 90 दिनों के भीतर ‘विजिटर रिकॉर्ड’ के लिए आवेदन कर सकता है। इससे पहले, कोर्स पूरा होने या नौकरी छूटने पर वीजा स्टेटस खत्म होते ही देश छोड़ना पड़ता था, लेकिन अब इस ग्रेस पीरियड के दौरान व्यक्ति लीगल तौर पर कनाडा में स्टे कर सकेगा।
प्रमुख शर्तें और फीस
IRCC ने इस राहत के साथ कुछ स्पष्ट दिशा-निर्देश भी जारी किए हैं:
- काम और पढ़ाई पर रोक: जब तक नए ‘विजिटर रिकॉर्ड’ के आवेदन पर मुहर नहीं लग जाती, तब तक संबंधित व्यक्ति न तो किसी संस्थान में पढ़ाई कर पाएगा और न ही कहीं नौकरी कर सकेगा।
- आवेदन शुल्क: इस सुविधा का लाभ उठाने के लिए आवेदक को $346.25 (कनाडाई डॉलर) की फीस चुकानी होगी।
- लीगल स्टेटस: यह नियम उन लोगों के लिए लाइफलाइन साबित होगा जो पीआर (PR) की राह देख रहे हैं या अपनी वर्तमान स्थिति को बदलने के लिए समय चाहते हैं।

पंजाबियों में खुशी की लहर
विशेषज्ञों का मानना है कि इस फैसले का सबसे ज्यादा फायदा पंजाब से गए उन युवाओं को होगा, जिन्हें वर्क परमिट खत्म होने के बाद अचानक घर लौटने का डर सता रहा था। अब उनके पास अपनी अगली योजना बनाने या नई संभावनाओं को तलाशने के लिए करीब तीन महीने का अतिरिक्त समय होगा।
“यह एक मानवीय और व्यावहारिक कदम है। इससे उन लोगों को मानसिक तनाव से मुक्ति मिलेगी जिनका वीजा अचानक खत्म हो रहा था।” — इमिग्रेशन एक्सपर्ट








