लुधियाना: 15 हजार रुपये रिश्वत लेते पटवारी रंगे हाथों गिरफ्तार
जमीन के इंतकाल में संशोधन के बदले मांगी थी 25 हजार की घूस, विजिलेंस ब्यूरो की बड़ी कार्रवाई

लुधियाना: पंजाब सरकार द्वारा भ्रष्टाचार के खिलाफ छेड़ी गई मुहिम के तहत पंजाब विजिलेंस ब्यूरो ने आज एक बड़ी सफलता हासिल की है। विजिलेंस टीम ने जिला लुधियाना के माल दफ्तर पायल में तैनात पटवारी हरकिंदर सिंह को 15,000 रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया है।
क्या है पूरा मामला?
विजिलेंस ब्यूरो के प्रवक्ता ने बताया कि यह कार्रवाई तहसील पायल के ही एक स्थानीय निवासी की शिकायत पर की गई है। शिकायतकर्ता ने विजिलेंस को दी जानकारी में बताया कि उसकी जमीन के इंतकाल (Mutation) में कुछ संशोधन किया जाना था। इस काम को करने के एवज में पटवारी हरकिंदर सिंह ने उससे 25,000 रुपये की रिश्वत की मांग की थी।

किस्त में मांगी गई थी घूस
मिली जानकारी के अनुसार, सौदा तय होने के बाद आरोपी पटवारी पहले ही 5,000 रुपये की पहली किस्त बतौर रिश्वत ले चुका था। शेष राशि के लिए वह लगातार शिकायतकर्ता पर दबाव बना रहा था। भ्रष्टाचार के विरुद्ध कड़ा रुख अपनाते हुए शिकायतकर्ता ने रिश्वत देने के बजाय विजिलेंस ब्यूरो की आर्थिक अपराध शाखा, लुधियाना से संपर्क किया और आरोपी के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई।

विजिलेंस का बिछाया जाल और गिरफ्तारी
शिकायत की प्रारंभिक जांच के बाद विजिलेंस टीम ने पटवारी को दबोचने के लिए जाल बिछाया। रणनीति के तहत, जैसे ही आरोपी पटवारी ने दो सरकारी गवाहों की मौजूदगी में शिकायतकर्ता से 15,000 रुपये की दूसरी किस्त पकड़ी, टीम ने उसे मौके पर ही रंगे हाथों काबू कर लिया।

मामला दर्ज, जांच जारी
विजिलेंस ब्यूरो ने आरोपी पटवारी हरकिंदर सिंह के खिलाफ भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम (Prevention of Corruption Act) के तहत आर्थिक अपराध शाखा, लुधियाना के थाने में मामला दर्ज कर लिया है। अधिकारियों का कहना है कि आरोपी से पूछताछ की जा रही है और इस मामले में आगे की कानूनी कार्यवाही जारी है।








