AMI News: चंबा की माटी से निकली कला ने राष्ट्रीय मंच पर बिखेरा जलवा, ज्योतिनाथ बनीं आकर्षण का केंद्र
मध्य प्रदेश संस्कृत परिषद और कालिदास संस्कृत अकादमी द्वारा आयोजित राष्ट्रीय कार्यशाला में देश भर के चुनिंदा कलाकारों को आमंत्रित किया गया था। इस प्रतिष्ठित आयोजन में हिमाचल प्रदेश से महज दो कलाकारों का चयन हुआ, जिनमें चंबा की ज्योतिनाथ भी शामिल रहीं।
सबसे कम उम्र की कलाकार रहीं ज्योति
इस राष्ट्रीय मंच पर ज्योतिनाथ सबसे कम उम्र की कलाकार थीं। उन्होंने अपनी चित्रकारी के जरिए सदियों पुरानी चंबा कलम की लघु चित्रकला परंपरा को आधुनिक सोच के साथ जोड़कर जीवंत कर दिखाया।
‘चलो चंबा’ अभियान की भावना को आगे बढ़ाते हुए उन्होंने कला के जरिए चंबा की समृद्ध संस्कृति को राष्ट्रीय स्तर तक पहुंचाया है। चंबा की इस बेटी ने यह साबित कर दिया कि हुनर और जूनून से स्थानीय कला भी देश भर में एक अलग पहचान बना सकती है।












