नगर परिषद अध्यक्ष बलजीत सिंह पाहड़ा खुद सड़कों पर उतरे, JCB और प्राइवेट गाड़ियों से शुरू हुआ काम
हड़ताल खत्म होते ही गुरदासपुर में सफाई अभियान युद्ध स्तर पर; 48 घंटे में शहर को कूड़ा-मुक्त करने का लक्ष्य
गुरदासपुर: पिछले कई दिनों से चल रही नगर परिषद के सफाई कर्मचारियों की हड़ताल बीती शाम समाप्त होते ही शहर की आबो-हवा बदलने लगी है। नगर परिषद के नवनिर्वाचित अध्यक्ष बलजीत सिंह पाहड़ा के कड़े और त्वरित निर्देशों के बाद सफाई कर्मियों ने कल शाम से ही मोर्चा संभाल लिया था। वहीं, आज सुबह खुद अध्यक्ष बलजीत सिंह पाहड़ा अपने सहयोगियों के साथ सड़कों पर उतरे और शहर में लगे कूड़े के विशाल ढेरों को हटाने का काम युद्ध स्तर पर शुरू करवाया।
बदबू और बीमारी के खतरे से मिलेगी राहत
कई दिनों से जारी हड़ताल के कारण गुरदासपुर के विभिन्न मुख्य चौकों, बाजारों और आवासीय इलाकों में कचरे का अंबार लग गया था। हाल ही में हुई बारिश के कारण कूड़े के ढेरों से आ रही दुर्गंध ने स्थानीय निवासियों और राहगीरों का जीना मुहाल कर दिया था। संक्रामक बीमारियों के फैलने की आशंका को देखते हुए नगर परिषद प्रशासन ने बिना वक्त गंवाए राहत कार्य शुरू किया।
अध्यक्ष बलजीत सिंह पाहड़ा का बयान
”शहर वासियों को आ रही समस्याओं का हमें पूरा अहसास है। हड़ताल खत्म होते ही हमारी प्राथमिकता शहर की सफाई है। हमने कूड़े का उठान तेजी से डंपिंग ग्राउंड तक करने के लिए प्राइवेट गाड़ियों और JCB मशीनों का विशेष इंतजाम किया है। हमारी पूरी कोशिश है कि अगले 48 घंटे के भीतर शहर के हर कोने से कूड़ा पूरी तरह साफ कर दिया जाए।”
— बलजीत सिंह पाहड़ा, अध्यक्ष, नगर परिषद गुरदासपुर
शहर वासियों ने ली राहत की सांस
सुबह-सुबह नगर परिषद के अध्यक्ष को खुद सड़कों पर सफाई व्यवस्था की कमान संभालते देख शहर के लोगों और व्यापारियों ने संतोष व्यक्त किया है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि नए अध्यक्ष की यह सक्रियता और त्वरित कार्रवाई काबिल-ए-तारीफ है। कूड़े के ढेर हटने से पूरे शहर ने राहत की सांस ली है और लोग नगर परिषद के इस कदम की सराहना कर रहे हैं।











