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AMI News Special: संसद में गतिरोध खत्म होने के आसार; ‘एंटी-पेपर लीक संशोधन विधेयक 2026’ पर आज होगी चर्चा

लोकसभा में गतिरोध खत्म होने के आसार, ‘एंटी-पेपर लीक संशोधन विधेयक’ पर आज होगी चर्चा

​नई दिल्ली: लोकसभा में पिछले कई दिनों से चला आ रहा राजनीतिक गतिरोध खत्म होने की उम्मीद जताई जा रही है। मंगलवार यानी आज प्रश्न पत्र लीक (Paper Leak) के खिलाफ कड़े प्रावधानों वाले नए संशोधन विधेयक पर संसद में चर्चा शुरू होने की संभावना है।

​संसदीय सूत्रों के मुताबिक, लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला की पहल पर सोमवार को सभी प्रमुख राजनीतिक दलों के बीच ‘लोक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) संशोधन विधेयक, 2026’ पर चर्चा करने की सहमति बनी। इस संवेदनशील मुद्दे पर बहस के लिए कम से कम 6 घंटे का समय तय किया गया है।

​कड़े जुर्माने और सजा का प्रावधान

​सोमवार को विपक्ष के भारी हंगामे के बीच प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) के राज्य मंत्री जितेंद्र सिंह ने यह विधेयक लोकसभा में पेश किया था। यह बिल ‘लोक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) अधिनियम, 2024’ में संशोधन का प्रस्ताव करता है।

​संशोधित विधेयक के प्रमुख बिंदु:

  • ​व्यक्तिगत अपराध पर सजा: प्रश्न पत्र लीक करने या परीक्षा में धांधली/अनुचित साधनों का उपयोग करने का दोषी पाए जाने पर न्यूनतम 5 साल से लेकर अधिकतम 10 साल तक की कैद और ₹50 लाख तक के जुर्माने का प्रावधान है।
  • ​संगठित अपराध पर कड़ा प्रहार: पेपर लीक से जुड़े संगठित आपराधिक गिरोहों (Organised Crime) के मामलों में न्यूनतम 7 साल की जेल और ₹10 करोड़ तक के भारी जुर्माने की व्यवस्था की गई है।

​विपक्ष और सत्ता पक्ष के बीच तीखी बहस के आसार

​विधेयक पर चर्चा के दौरान संसद में भारी गहमागहमी रहने के आसार हैं:

  • ​विपक्ष का रुख: विपक्षी सांसद NEET पेपर लीक मामले, परीक्षार्थियों के विरोध प्रदर्शन पर पुलिस कार्रवाई और कथित तौर पर कई छात्रों द्वारा की गई आत्महत्याओं का मुद्दा उठाकर सरकार को घेरने की तैयारी में हैं।
  • ​सत्ता पक्ष का जवाब: वहीं, सत्तारूढ़ दल के सदस्य परीक्षाओं में पारदर्शिता लाने के लिए सरकार द्वारा उठाए गए ठोस कदमों का ब्योरा देंगे। साथ ही, वे विपक्षी शासित राज्यों में सामने आई पेपर लीक की घटनाओं और पिछली सरकारों के कार्यकाल का हवाला देकर पलटवार कर सकते हैं।

​मानसून सत्र का पहला हफ़्ता हंगामे की भेंट चढ़ा

​गौरतलब है कि 20 जुलाई से शुरू हुए संसद के मानसून सत्र का पहला सप्ताह विपक्षी सदस्यों के लगातार हंगामे के कारण प्रभावित रहा, जिससे कोई महत्वपूर्ण विधायी कार्य नहीं हो सका। सोमवार को भी NEET पेपर लीक का विरोध कर रहे छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई के मुद्दे पर दोनों सदनों में गतिरोध बना रहा।

Ami News
Author: Ami News

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