10 अप्रैल 2026 आज का खास दिन
अंतरराष्ट्रीय एवं राष्ट्रीय परिदृश्य
1. विश्व होम्योपैथी दिवस (World Homoeopathy Day)
आज संपूर्ण विश्व में होम्योपैथी चिकित्सा पद्धति के जनक डॉ. सैमुअल हानीमैन की जयंती मनाई जा रही है। 10 अप्रैल को उनकी याद में ‘विश्व होम्योपैथी दिवस’ के रूप में समर्पित किया गया है। भारत में आयुष मंत्रालय द्वारा इस अवसर पर विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है, जिसका उद्देश्य वैकल्पिक चिकित्सा के लाभों के बारे में जागरूकता फैलाना है। इस वर्ष की थीम मुख्य रूप से सामुदायिक स्वास्थ्य में होम्योपैथी की भूमिका पर केंद्रित है।
2. सिबलिंग्स डे (Siblings Day)
आज अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भाई-बहनों के प्रेम को समर्पित ‘सिबलिंग्स डे’ भी मनाया जा रहा है। यह दिन परिवार के उन अटूट रिश्तों को सम्मान देने का है जो हमारे जीवन की नींव होते हैं।
3. राष्ट्रीय महत्व
राष्ट्रीय स्तर पर आज का दिन स्वास्थ्य जागरूकता और सुरक्षा के अभियानों के लिए महत्वपूर्ण है। कल होने वाले ‘राष्ट्रीय सुरक्षित मातृत्व दिवस’ (11 अप्रैल) की पूर्व संध्या पर देशभर के अस्पतालों में विशेष तैयारी सत्र आयोजित किए जा रहे हैं।
धार्मिक और आध्यात्मिक महत्व: कालाष्टमी व्रत
धार्मिक दृष्टि से आज वैशाख कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि है। इसे कालाष्टमी या ‘मासिक कालाष्टमी’ के नाम से जाना जाता है।
- भगवान काल भैरव की पूजा: आज के दिन भक्त भगवान शिव के अवतार काल भैरव की विशेष पूजा-अर्चना करते हैं। मान्यता है कि काल भैरव की पूजा करने से नकारात्मक शक्तियों का नाश होता है और भक्तों को भय से मुक्ति मिलती है।
- विशेष परंपरा: काशी सहित देश के विभिन्न भैरव मंदिरों में आज विशेष अभिषेक और आरती का आयोजन किया जा रहा है। कालाष्टमी के दिन काले कुत्ते को भोजन कराना (विशेषकर मीठी रोटी या बिस्कुट) अत्यंत शुभ माना जाता है, क्योंकि कुत्ता भगवान भैरव का वाहन है।

आज का विस्तृत पंचांग (10 अप्रैल 2026)
आज का पंचांग ग्रहों की स्थिति और शुभ समय की सटीक गणना प्रस्तुत करता है:
- तिथि: वैशाख कृष्ण पक्ष की अष्टमी (रात्रि 11:15 बजे तक, इसके बाद नवमी)।
- वार: शुक्रवार (माता लक्ष्मी और संतोषी माता की पूजा के लिए उत्तम)।
- नक्षत्र: पूर्वाषाढ़ा (सुबह 11:28 बजे तक), उसके बाद उत्तराषाढ़ा नक्षत्र।
- योग: शिव योग (शाम 06:31 बजे तक), तत्पश्चात सिद्ध योग।
- करण: बालव (प्रातः 10:21 बजे तक), फिर कौलव।

सूर्य और चंद्रमा की स्थिति:
- सूर्योदय: सुबह 06:01 बजे।
- सूर्यास्त: शाम 06:44 बजे।
- चंद्रोदय: रात्रि 02:10 बजे (11 अप्रैल)।
- चंद्र राशि: धनु (शाम 06:03 बजे तक), उसके बाद मकर।
शुभ और अशुभ मुहूर्त:
- अभिजित मुहूर्त (सबसे शुभ समय): दोपहर 11:57 बजे से 12:48 बजे तक।
- ब्रह्म मुहूर्त: प्रातः 04:31 बजे से 05:16 बजे तक।
- अमृत काल: सुबह 06:08 बजे से 07:54 बजे तक।
- राहुकाल (अशुभ समय): सुबह 10:47 बजे से दोपहर 12:23 बजे तक। (इस दौरान शुभ कार्य वर्जित हैं)।

आज का दिन साधना, सेवा और स्वास्थ्य के प्रति सचेत रहने का एक अनूठा संगम है। जहाँ होम्योपैथी हमें शारीरिक आरोग्य की राह दिखाती है, वहीं कालाष्टमी का व्रत मानसिक और आध्यात्मिक शक्ति प्रदान करता है।









