महंगाई का डबल अटैक: LPG के बाद अब प्रीमियम पेट्रोल की कीमतों में लगी आग

नई दिल्ली : LPG सिलेंडर की किल्लत से जूझ रहे आम आदमी की जेब पर अब पेट्रोल की बढ़ती कीमतों ने भी सेंध लगा दी है। तेल कंपनियों ने प्रीमियम पेट्रोल के दाम में ₹2.30 प्रति लीटर की भारी बढ़ोतरी कर दी है। नई दरें आज, 20 मार्च 2026 से प्रभावी हो गई हैं।

प्रमुख बिंदु: क्यों बढ़ीं कीमतें?
- प्रीमियम पेट्रोल महंगा: हाई-ऑक्टेन पेट्रोल इस्तेमाल करने वाले वाहन मालिकों पर सीधा असर।
- वैश्विक संकट: US-ईरान विवाद और खाड़ी देशों में ऊर्जा इंफ्रास्ट्रक्चर पर हमलों से सप्लाई प्रभावित।
- कच्चा तेल: अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में भारी उतार-चढ़ाव।
ग्लोबल मार्केट में हाहाकार
ईंधन की यह किल्लत केवल भारत तक सीमित नहीं है। वियतनाम में भी 95-ऑक्टेन पेट्रोल की कीमतों में 20% और डीजल में 34% का उछाल देखा गया है। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि वैश्विक हालात (Global Crises) जल्द नहीं सुधरे, तो आने वाले दिनों में सामान्य पेट्रोल और डीजल की कीमतों में भी इजाफा हो सकता है।
विशेषज्ञ की राय:
“ईरान और खाड़ी देशों में बढ़ते तनाव के कारण सप्लाई चेन पूरी तरह अनिश्चित हो गई है। एशियाई देशों के लिए यह स्थिति और भी चुनौतीपूर्ण है क्योंकि हम आयात पर अधिक निर्भर हैं।”

आम आदमी पर प्रभाव
एक तरफ घरेलू गैस की कमी और दूसरी तरफ प्रीमियम पेट्रोल का महंगा होना, मिडिल क्लास के बजट को पूरी तरह बिगाड़ सकता है। इसका सीधा असर परिवहन लागत पर पड़ेगा, जिससे आने वाले समय में दैनिक उपभोग की वस्तुएं भी महंगी हो सकती हैं।
एक नज़र में बदलाव
|
ईंधन का प्रकार |
बढ़ोतरी (प्रति लीटर) |
प्रभावी तिथि |
|---|---|---|
|
प्रीमियम पेट्रोल |
₹2.30 |
20 मार्च 2026 |
|
वियतनाम (पेट्रोल) |
20% (वैश्विक प्रभाव) |
मार्च 2026 |
|
वियतनाम (डीजल) |
34% (वैश्विक प्रभाव) |
मार्च 2026 |








