ईरान-इजरायल तनाव पर नोरा फतेही का छलका दर्द; बोलीं- ‘इंसानियत और कितनी तबाही झेलेगी?’

मुंबई : पश्चिम एशिया (Middle East) में अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच बढ़ते सैन्य टकराव ने पूरी दुनिया को चिंता में डाल दिया है। मिसाइल हमलों और युद्ध के साये के बीच जहां आम जनता सहमी हुई है, वहीं मनोरंजन जगत की हस्तियां भी इस मानवीय संकट पर खुलकर अपनी राय रख रही हैं। हाल ही में मशहूर एक्ट्रेस और डांसर नोरा फतेही ने क्षेत्र की बिगड़ती परिस्थितियों पर गहरी चिंता जताई है।
‘नया वर्ल्ड ऑर्डर और मासूमों की जान’ नोरा फतेही ने अपने आधिकारिक इंस्टाग्राम हैंडल पर एक वीडियो साझा कर अपनी मानसिक स्थिति और वैश्विक हालातों पर बेबाक टिप्पणी की। वीडियो में नोरा काफी भावुक नजर आईं। उन्होंने कहा:

”हर दिन लोगों के मन में यह डर बना रहता है कि कल क्या होगा। इस इलाके से जो विजुअल्स (तस्वीरें) सामने आ रहे हैं, उन्हें देखकर मेरा दिल बैठ जाता है। हम और बेगुनाह लोगों को मरते हुए नहीं देख सकते। इंसानियत पहले ही बहुत कुछ सह चुकी है।”

हालात सुधरने से पहले और बिगड़ेंगे नोरा ने भविष्य की अस्थिरता की ओर इशारा करते हुए एक बड़ी बात कही। उन्होंने आगाह किया कि दुनिया एक बड़े बदलाव के दौर से गुजर रही है। उनके मुताबिक, “साल दर साल हम केवल उथल-पुथल और दुखद घटनाएं ही देख रहे हैं। सच तो यह है कि हालात बेहतर होने से पहले अभी और खराब होंगे। सत्ता (Power) का संतुलन बदलेगा और एक नया वर्ल्ड ऑर्डर (New World Order) बनेगा, जिस पर शायद हमारा कोई नियंत्रण न हो।”
मानसिक थकान और शांति की अपील एक्ट्रेस ने इस बात पर जोर दिया कि नेताओं और देशों की इस जंग में कीमत हमेशा आम आदमी को ही चुकानी पड़ती है। नोरा ने वीडियो के कैप्शन में अपनी थकान जाहिर करते हुए लिखा, “आध्यात्मिक और मानसिक रूप से थक चुकी हूँ। हम बस दुनिया में शांति चाहते हैं।”

फैंस ने किया पोस्ट का समर्थन नोरा के इस संवेदनशील वीडियो के सामने आने के बाद सोशल मीडिया पर उनके फैंस ने राहत की सांस ली।
- सुरक्षा की दुआ: कमेंट सेक्शन में हजारों फैंस ने नोरा की सुरक्षा के लिए प्रार्थना की।
- वैश्विक शांति: यूजर्स ने नोरा के ‘पीस और स्टेबिलिटी’ वाले विचार का समर्थन करते हुए युद्ध विराम की मांग की।
नोरा का यह बयान ऐसे समय में आया है जब पूरी दुनिया की नजरें मिसाइल हमलों और कूटनीतिक वार्ताओं पर टिकी हैं। यह स्पष्ट है कि सरहदों पर चल रही इस जंग का असर अब सात समंदर पार कला और संस्कृति की दुनिया में भी महसूस किया जा रहा है।








