सिद्धू की पत्नी ने कांग्रेस अध्यक्ष को भेजा 10 करोड़ का मानहानि नोटिस

पंजाब कांग्रेस में पूर्व क्रिकेटर और नेता नवजोत सिंह सिद्धू की पत्नी, डॉ. नवजोत कौर सिद्धू और पार्टी नेतृत्व के बीच चल रही तकरार अब कानूनी रूप ले चुकी है। डॉ. नवजोत कौर ने अमृतसर के कांग्रेस अध्यक्ष बिट्टू मदान को 10 करोड़ रुपये का मानहानि नोटिस भेजा है।
📝 नोटिस की मुख्य बातें:
कौर ने मदान पर उनके खिलाफ ‘गुमराह करने वाला और गलत इरादे वाला कंटेंट’ सोशल मीडिया पर डालने का आरोप लगाया है।
नोटिस में सात दिनों के भीतर माफी मांगने की मांग की गई है, अन्यथा कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
इसके अलावा, मदान से 48 घंटों के भीतर उन्हें बदनाम करने वाली सभी डिजिटल सामग्री (वीडियो क्लिप, रील, पोस्ट) हटाने को कहा गया है और लिखकर आश्वासन देने को कहा है कि वे भविष्य में ऐसा काम नहीं करेंगे।
हालांकि, बिट्टू मदान ने कहा है कि उनके पास आरोपों के सबूत हैं और वह माफी नहीं मांगेंगे।

सांसद रंधावा को भी भेजा जवाब
डॉ. नवजोत कौर ने सांसद सुखजिंदर रंधावा को भी नोटिस का जवाब भेजा है।
कौर ने लिखा है कि उनके आरोप जाँच-पड़ताल (इन्वेस्टिगेटिव जर्नलिज्म) के आधार पर सच हैं।
उन्होंने रंधावा से अपना नोटिस वापस लेने को कहा।
बता दें कि नवजोत कौर ने रंधावा पर कांग्रेस के स्मगलरों से संबंध होने, राजस्थान में कांग्रेस की टिकटें बेचने और पार्टी को हराने का आरोप लगाया था।
🔥 वड़िंग का सिद्धू परिवार पर तीखा हमला
पंजाब कांग्रेस के प्रधान अमरिंदर राजा वड़िंग ने इस पूरे विवाद पर पहली बार खुलकर सिद्धू परिवार को जवाब दिया है। वड़िंग ने कहा कि कांग्रेस ने उन लोगों को प्रधान बनाया जिन्हें कोई नहीं पूछता था, लेकिन नतीजे जीरो रहे।
🗣️ वड़िंग के बयान:
”इन लोगों को शर्म आनी चाहिए।”
उन्होंने अनुशासनहीनता करने वालों को चेतावनी देते हुए कहा, “इसके बाद अनुशासनहीनता करेंगे तो कांग्रेस बर्दाश्त नहीं करेगी। कांग्रेस ने कार्रवाई कर दी है।”
वड़िंग ने आगे कहा, “जो भी किसी पार्टी से मिलकर एजेंडे के तहत शरारत करेगा, उसे पार्टी से बाहर का रास्ता दिखाया जाएगा।”

उन्होंने आरोपों पर कहा कि उन्हें ठेस नहीं पहुंची है, “मैं तो नज़ारे ले रहा हूँ। मैं सिर्फ ये कह रहा हूँ कि जिन्होंने कांग्रेस पार्टी से सत्ता का राजभाग लिया। जिन्होंने मंत्रीपद लिए, 4 साल मंत्री रहे, पदों पर रहे, प्रधान बनाया।”
नवजोत कौर का शक्ति प्रदर्शन और आरोप
यह विवाद तब शुरू हुआ जब नवजोत कौर ने सीएम बनने के लिए 500 करोड़ रुपये की अटैची चाहने की बात कही थी। इसके बाद उन्होंने राजा वड़िंग, सांसद सुखजिंदर रंधावा और नेता विपक्ष प्रताप सिंह बाजवा पर टिकट के बदले पैसे लेने के आरोप लगाए थे।
शक्ति प्रदर्शन: कांग्रेस प्रधान द्वारा पार्टी से निलंबित किए जाने के बाद भी, नवजोत कौर सिद्धू ने बुधवार को अमृतसर में अपने समर्थक काउंसलरों और नेताओं के साथ मीटिंग की और एक शक्ति प्रदर्शन किया।
सोशल मीडिया हमला: निलंबन को न मानने वाली कौर ने बुधवार को बैक-टू-बैक 4 ट्वीट किए। उन्होंने वड़िंग से पूछा कि वह दो बार चुनाव क्यों हारे? और उन पर गुजरात में टिकट बेचने के आरोप लगाकर पार्टी से निकाले जाने की बात कही, साथ ही यह भी आरोप लगाया कि उन पैसों से महंगी गाड़ियां खरीदी गईं।
सिद्धू अभी भी मौन
इस पूरे विवाद के बीच, नवजोत सिंह सिद्धू के मुंबई से अमृतसर आने की खबर थी, लेकिन उनके आने या जाने की कोई पुष्टि नहीं हुई है। सिद्धू ने अभी तक इस पूरे विवाद पर चुप्पी साध रखी है।








