सतलुज नदी पर बना लोहे का मजबूत पुल भरभरा कर गिरा, नदी में समाया टिप्पर; चालक सुरक्षित
टापरी और चोलिंग के बीच नेशनल हाईवे-05 पूरी तरह ठप्प, प्रशासन ने बदला रूट

किन्नौर: हिमाचल प्रदेश के किन्नौर जिले से एक बेहद खौफनाक और बड़ा हादसा सामने आया है। टापरी और चोलिंग के बीच उरनी ढांक के समीप राष्ट्रीय उच्च मार्ग-05 (NH-05) पर सतलुज नदी के ऊपर बना एक मजबूत लोहे का पुल अचानक भरभरा कर ढह गया। हादसा इतना भयानक था कि जिस वक्त पुल टूटा, वहां से गुजर रहा एक टिप्पर भी पुल के मलबे के साथ सीधे उफनती सतलुज नदी में जा समाया।
चमत्कार: चालक को खरोंच तक नहीं आई
इस रोंगटे खड़े कर देने वाले हादसे में सबसे बड़ी राहत की बात यह रही कि टिप्पर चालक की जान बाल-बाल बच गई। नदी में गिरने के बावजूद चालक सुरक्षित है और उसे कोई गंभीर चोट नहीं आई है। हालांकि, प्रशासन ने एहतियात के तौर पर चालक को तुरंत प्राथमिक उपचार के लिए नजदीकी अस्पताल पहुंचाया है।

मौके पर पहुंची पुलिस, जांच शुरू
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस और प्रशासन की टीम तुरंत मौके पर पहुंची। पुलिस ने तुरंत राहत एवं बचाव कार्य शुरू कर दिया है। तकनीकी टीमों को भी मौके पर बुलाया गया है ताकि यह पता लगाया जा सके कि इतना मजबूत लोहे का पुल अचानक किस वजह से ताश के पत्तों की तरह ढह गया।
यात्रियों के लिए जरूरी सूचना: ट्रैफिक रूट बदला
पुल टूटने के कारण इस महत्वपूर्ण राष्ट्रीय उच्च मार्ग पर वाहनों की आवाजाही पूरी तरह से ठप्प हो गई है। सड़क के दोनों ओर वाहनों का लंबा जाम न लगे, इसके लिए प्रशासन ने त्वरित कदम उठाते हुए ट्रैफिक रूट में बदलाव किया है:
- वैकल्पिक मार्ग: अब सभी प्रकार के छोटे-बड़े वाहनों को वाया उरनी-चोलिंग सड़क मार्ग से भेजा जा रहा है।

संपर्क टूटा, बहाली में लगेगा समय
इस पुल के टूटने से क्षेत्र का संपर्क बुरी तरह प्रभावित हुआ है। जानकारों का कहना है कि इस मार्ग पर दोबारा यातायात पूरी तरह बहाल करने में प्रशासन को काफी मशक्कत करनी पड़ सकती है।
प्रशासन की अपील: किन्नौर प्रशासन ने सभी वाहन चालकों और यात्रियों से अपील की है कि वे धैर्य और संयम बनाए रखें। मार्ग पर किसी भी तरह की जल्दबाजी न करें और यात्रा के लिए केवल निर्धारित किए गए वैकल्पिक मार्ग का ही प्रयोग करें।








