वेब स्टोरी

ई-पेपर

लॉग इन करें

17 मई 2026 आज का खास दिन

17 मई 2026: क्यों खास है आज का दिन? जानें राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय और धार्मिक महत्व सहित आज का संपूर्ण पंचांग

​ वक्त की सुइयां निरंतर बदलती रहती हैं और हर नया दिन अपने साथ इतिहास, समाज और संस्कृति के कई अनूठे अध्याय लेकर आता है। आज यानी 17 मई 2026 का दिन भी वैश्विक चेतना, स्वास्थ्य जागरूकता और भारतीय सनातन परंपरा के लिहाज से बेहद असाधारण संयोग लेकर आया है। आज जहां दुनिया भर में गंभीर स्वास्थ्य और सामाजिक मुद्दों पर विमर्श हो रहा है, वहीं भारतीय विक्रम संवत के अनुसार एक अत्यंत दुर्लभ धार्मिक महीने की शुरुआत हो रही है। आइए विस्तार से जानते हैं आज के दिन की राष्ट्रीय-अंतरराष्ट्रीय अहमियत और आज का सटीक पंचांग।

​अंतरराष्ट्रीय और राष्ट्रीय महत्व: स्वास्थ्य और सामाजिक चेतना का दिन

​वैश्विक पटल पर आज का दिन दो अत्यंत संवेदनशील और महत्वपूर्ण विषयों को समर्पित है, जो मानव जीवन की सुरक्षा और जागरूकता से सीधे जुड़े हैं।

​1. विश्व उच्च रक्तचाप दिवस (World Hypertension Day)

​आज दुनिया भर में ‘विश्व उच्च रक्तचाप दिवस’ मनाया जा रहा है। आधुनिक जीवनशैली, तनाव और खान-पान में असंतुलन के कारण हाई ब्लड प्रेशर (उच्च रक्तचाप) एक वैश्विक महामारी का रूप ले चुका है। इसे चिकित्सा विज्ञान में ‘साइलेंट किलर’ (Silent Killer) कहा जाता है क्योंकि इसके लक्षण शुरुआत में आसानी से दिखाई नहीं देते, लेकिन यह दिल के दौरे और स्ट्रोक जैसी जानलेवा बीमारियों का मुख्य कारण बनता है।

​वर्ष 2026 के लिए विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) और वैश्विक संस्थाओं ने इसका मुख्य उद्देश्य लोगों को नियमित रूप से ब्लड प्रेशर जांचने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के प्रति जागरूक करना रखा है। भारत सहित दुनिया भर के अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों पर आज विशेष स्वास्थ्य शिविर और परामर्श सत्र आयोजित किए जा रहे हैं।

​2. अंतरराष्ट्रीय एड्स मेमोरियल डे (International AIDS Candlelight Memorial)

​मई महीने के तीसरे रविवार को दुनिया भर में ‘अंतरराष्ट्रीय एड्स कैंडललाइट मेमोरियल’ के रूप में याद किया जाता है, जो इस साल आज 17 मई को पड़ा है। यह दिन उन लाखों लोगों को श्रद्धांजलि देने का है जिन्होंने एचआईवी/एड्स के कारण अपनी जान गंवाई। साथ ही, यह समाज में एड्स से प्रभावित लोगों के प्रति संवेदनशीलता बढ़ाने, सामाजिक भेदभाव को खत्म करने और इस बीमारी के खिलाफ एकजुटता दिखाने का एक बड़ा वैश्विक मंच है। आज शाम देश और दुनिया के कई हिस्सों में मोमबत्तियां जलाकर एकजुटता व्यक्त की जाएगी।

​धार्मिक दृष्टि से महासंयोग: आज से शुरू हुआ ‘ज्येष्ठ अधिक मास’ (पुरुषोत्तम मास)

​भारतीय सनातन धर्म और आध्यात्मिक दृष्टि से आज 17 मई 2026 का दिन एक बड़े और दुर्लभ बदलाव का गवाह बन रहा है। आज से ‘ज्येष्ठ अधिक मास’ (जिसे मलमास या पुरुषोत्तम मास भी कहा जाता है) की शुरुआत हो रही है।

​हिंदू कैलेंडर में सूर्य और चंद्रमा के वर्ष चक्र को संतुलित करने के लिए हर ढाई से तीन साल में एक अतिरिक्त महीना जुड़ता है, जिसे अधिक मास कहते हैं। साल 2026 में यह अतिरिक्त महीना ज्येष्ठ के महीने में लगा है, जिसके कारण इस साल ज्येष्ठ का महीना एक नहीं बल्कि दो महीनों का होगा। यह अधिक मास आज 17 मई से शुरू होकर 15 जून 2026 तक चलेगा।

​धार्मिक महत्व और क्या करें:

  • भगवान विष्णु की विशेष कृपा: अधिक मास के स्वामी स्वयं भगवान विष्णु (पुरुषोत्तम) हैं। इसलिए इसे ‘पुरुषोत्तम मास’ भी कहते हैं।
  • मांगलिक कार्यों पर रोक: इस पूरे महीने (17 मई से 15 जून) शादी-विवाह, मुंडन, गृह प्रवेश और नए व्यापार की शुरुआत जैसे मांगलिक व शुभ कार्य वर्जित रहेंगे।
  • आध्यात्मिक लाभ: यह महीना पूरी तरह से जप, तप, ध्यान और दान-पुण्य के लिए सर्वोत्तम माना गया है। इस महीने में किए गए धार्मिक कार्यों का फल सामान्य दिनों की तुलना में कई गुना अधिक मिलता है। आज के दिन पवित्र नदियों में स्नान और भगवान सत्यनारायण की कथा सुनने का विशेष महत्व है।

​आज का संपूर्ण पंचांग: 17 मई 2026 (रविवार)

​ज्योतिषीय गणना और वैदिक पंचांग के अनुसार आज की ग्रह-नक्षत्रों की स्थिति इस प्रकार है:

  • विक्रम संवत: 2083 (सिद्धार्थी)
  • शक संवत: 1948 (पराभव)
  • अयन: उत्तरायण
  • ऋतु: ग्रीष्म ऋतु
  • मास: ज्येष्ठ अधिक मास (आज से प्रारंभ)
  • पक्ष: शुक्ल पक्ष
  • तिथि: प्रतिपदा तिथि (रात 09:40 बजे तक, इसके बाद द्वितीया तिथि लगेगी)
  • नक्षत्र: कृत्तिका नक्षत्र (दोपहर 02:32 बजे तक, इसके बाद रोहिणी नक्षत्र)
  • योग: शोभन योग (सुबह 06:15 बजे तक, इसके बाद अतिगण्ड योग)
  • करण: किंस्तुघ्न (सुबह 11:36 बजे तक), इसके बाद बव करण (रात 09:40 बजे तक)
  • सूर्योदय: सुबह 05:29 बजे
  • सूर्यास्त: शाम 07:06 बजे
  • चंद्रोदय: सुबह 05:30 बजे
  • चन्द्रास्त: शाम 07:58 बजे
  • सूर्य राशि: वृषभ
  • चन्द्र राशि: वृषभ

​आज के शुभ मुहूर्त (Auspicious Timings)

  • अभिजित मुहूर्त: दोपहर 11:50 बजे से दोपहर 12:45 बजे तक (किसी भी सामान्य शुभ कार्य के लिए यह समय श्रेष्ठ है)।
  • अमृत काल: दोपहर 12:26 बजे से दोपहर 01:50 बजे तक।
  • ब्रह्म मुहूर्त: सुबह 04:00 बजे से सुबह 04:44 बजे तक।

​आज का अशुभ समय (राहुकाल)

  • राहुकाल: शाम 05:24 बजे से शाम 07:06 बजे तक। (ध्यान रहे कि राहुकाल के दौरान कोई भी नया या महत्वपूर्ण कार्य शुरू नहीं करना चाहिए)।

आज का विशेष उपाय: आज रविवार का दिन है और सूर्य देव वृषभ राशि में गोचर कर रहे हैं। आज सुबह तांबे के लोटे में जल लेकर उसमें थोड़ा रोली और अक्षत मिलाकर सूर्य देव को अर्घ्य दें और ‘ॐ सूर्याय नमः’ मंत्र का जाप करें। चूंकि आज से पुरुषोत्तम मास भी शुरू हो रहा है, इसलिए आज के दिन गुड़, तांबे के बर्तन या अन्न का दान करना आपके आत्मविश्वास और सौभाग्य में वृद्धि करेगा।

Ami News
Author: Ami News

trfgcvkj.blkjhgfd

Leave a Comment

और पढ़ें

Horoscope

Weather

और पढ़ें
error: Content is protected !!