पंजाब के AG मनिंदरजीत बेदी को बिश्नोई गैंग की धमकी, सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट

पंजाब में कानून-व्यवस्था की स्थिति एक बार फिर चर्चा के केंद्र में है। राज्य के एडवोकेट जनरल (AG) मनिंदरजीत बेदी को कुख्यात गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई से जुड़े ‘बिश्नोई गैंग’ की ओर से जान से मारने की कथित धमकी मिली है। इस घटना के बाद से ही पंजाब पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह से अलर्ट मोड पर आ गई हैं।

धमकी का कारण: फिल्म या कानूनी शिकंजा?
सूत्रों के अनुसार, धमकी देने वालों ने दो मुख्य कारणों का संकेत दिया है। पहला, लॉरेंस बिश्नोई से जुड़े एक बेहद अहम केस में सरकार की ओर से की जा रही सख्त कानूनी कार्रवाई और ‘रोक’। वहीं, दूसरी चर्चा यह भी है कि हाल ही में चर्चा में आई फिल्म ‘लॉरेंस ऑफ पंजाब’ को लेकर भी नाराजगी जताई गई है। हालांकि, पुलिस अभी आधिकारिक तौर पर धमकी के सटीक स्रोत और मंशा की जांच कर रही है।
एजेंसियां जुटीं जांच में
धमकी मिलने की सूचना मिलते ही सुरक्षा महकमे में हड़कंप मच गया। खुफिया एजेंसियां यह पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि धमकी भरा संदेश या कॉल कहां से जनरेट हुआ है। एडवोकेट जनरल के निवास और उनके काफिले की सुरक्षा की समीक्षा की जा रही है और सुरक्षा घेरा और कड़ा कर दिया गया है।
“न्यायिक प्रक्रिया को डराने की कोशिश”
कानूनी जानकारों का मानना है कि इस तरह की धमकियां सीधे तौर पर न्यायिक प्रणाली और संवैधानिक पदों पर बैठे व्यक्तियों को डराने की कोशिश है। लॉरेंस बिश्नोई का नेटवर्क जिस तरह से कई राज्यों में फैला है, उसे देखते हुए सुरक्षा एजेंसियां इसे एक ‘हाई-प्रोफाइल’ खतरे के तौर पर देख रही हैं।

लॉरेंस बिश्नोई: अपराध का गहराता साया
गौरतलब है कि लॉरेंस बिश्नोई का नाम पहले भी सिद्धू मूसेवाला हत्याकांड समेत कई हाई-प्रोफाइल वारदातों में सामने आ चुका है। जेल में बंद होने के बावजूद बिश्नोई गैंग का नाम बार-बार रंगदारी और धमकी देने के मामलों में उछलता रहा है। अब राज्य के सबसे बड़े कानूनी अधिकारी को धमकी मिलना सरकार और प्रशासन के लिए एक गंभीर चुनौती बन गया है।








